Asian Games 2026: भारतीय मुक्केबाजों ने लगाई गोल्डन हैट्रिक, परवीन ने रचा इतिहास तो अंकुश ने भी किया कमाल
भारतीय मुक्केबाजों ने एशियन गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए आज तीन गोल्ड मेडल जीते। लवलीना बोरगोहेन, परवीन हुड्डा ...और पढ़ें

भारतीय मुक्केबाजों का सुनहरा कमाल

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय मुक्केबाजों ने एशियन गेम्स-2026 में शुक्रवार को शानदार खेल दिखाया और गोल्ड मेडल की हैट्रिक लगा दी। भारत के तीन मुक्केबाजों ने आज गोल्ड मेडल जीते जिनमें से दो ने इतिहास रचा। इसकी शुरुआत लवलीना बोरगोहेन ने की और अंकुश पंघाल ने इसे खत्म किया। परवीन हुड्डा भी गोल्ड मेडल जीतने में सफल रहीं।
लवलीना और परवीन ने गोल्ड मेडल जीत मैरी कॉम की लिस्ट में अपना नाम लिखवा लिया है। मैरी कॉम भारत की पहली महिला मुक्केबाज थीं जिन्होंने एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था। उन्होंने यह काम साल 2014 में किया था। उनके बाद लवलीना इस लिस्ट में पहुंचीं और फिर परवीन।
परवीन ने दिखाया दम
परवीन के मैच को देखते हुए लग रहा था कि मानो उन्होंने अपना बेस्ट फाइनल के लिए ही बचाकर रखा था। उनके सामने पूर्व वर्ल्ड चैंपियन चीनी ताइपे की चेन निएन चिन थीं। रोमांचक फाइनल में परवीन ने धैर्य दिखाया और 3-2 के विभाजित फैसले से गोल्ड मेडल अपने नाम किया। यह उनका एशियन गेम्स में पहला गोल्ड मेडल है। पिछले एशियन गेम्स में उनके हिस्से ब्रॉन्ज आया था। इस बार वह अपने दमदार खेल से मेडल का रंग बदलने में सफल रहीं।
अंकुश ने भी दिलाया गोल्ड
लवलीना और परवीन के बाद अब नजरें पुरुष मुक्केबाज अंकुश पंघाल पर थीं। 80 किलोग्राम भारवर्ग में उनका सामना साउथ कोरिया के मिनसेयोंग किम से था। भारतीय खिलाड़ी के सामने कोरियाई खिलाड़ी ने अच्छी चुनौती पेश की। पांचों रेफरी भी इस मैच को देखकर परेशानी में थे और इसी कारण इस मैच का फैसला 4-0 रहा यानी चार जजों ने अंकुश के पक्ष में फैसला दिया जबकि एक जज ने दोनों को बराबरी के अंक दिए।
