पुरी : महाप्रभु जगन्नाथ की प्रसिद्ध रथयात्रा के लिए रथों के निर्माण के लिए दंडा लकड़ी की पहली खेप पुरी पहुंच गई है। पवित्र अक्षय तृतीया के दिन रथ निर्माण कार्य शुरू किया गया था।

श्रीमंदिर प्रशासन की तरफ से पुरी पहुंची दंडा लकड़ी को रथों के तुम्ब के तौर पर प्रयोग में लाया जाएगा। इन लकड़ियों से तीन रथों के 42 तुम्ब बनाए जाएंगे। गौरतलब है कि पुरी के बड़दांड में रथ निर्माण कार्य के लिए अस्थाई स्थल बनाया गया है। स्थानीय भाषा में इसे रथखला कहा जाता है। इसी रथखला में आनुष्ठानिक निर्माण का कार्य कुशल महारणा कारीगरों द्वारा किया जा रहा है। गौरतलब है कि हर वर्ष नए बनाए जाने वाले रथों के लिए नयागढ एवं दशपल्ला के जंगलों से लकड़ी लाई जाती है। श्रीमंदिर प्रशासन ने पूरे नीति नियम एवं शास्त्र वर्णित विधि से रथों के निर्माण हेतु अलग समिति बनाई हुई है। वर्तमान बड़दांड पर बने रथखला में नंदीघोष, तालध्वज एवं देवदलन रथों का निर्माण कार्य जारी है।