ओडिशा में पेट्रोल पंप पर गैस कटर से टैंक काटते समय जोरदार विस्फोट, ढक्कन लगने से कर्मचारी की मौत
ओडिशा के बालेश्वर जिले के नीलगिरि में एक पेट्रोल पंप पर पुराने तेल टैंक को गैस कटर से काटते समय ...और पढ़ें

गैस कटर से टैंक काटते समय जोरदार विस्फोट (एआई जेनरेटेड तस्वीर)
HighLights
बालेश्वर पेट्रोल पंप पर गैस कटर से टैंक काटते विस्फोट।
विस्फोट में टैंक का ढक्कन लगने से कर्मचारी की मौत।
आक्रोशित लोगों ने मुआवजे की मांग पर सड़क जाम की।
जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। ओडिशा के बालेश्वर जिले के नीलगिरि शहर स्थित एक पेट्रोल पंप पर मंगलवार को पुराने तेल टैंक को गैस कटर से काटने के दौरान बड़ा हादसा हो गया। अचानक आग लगने के बाद टैंक में विस्फोट हो गया। इस दौरान टैंक का ढक्कन उछलकर वहां काम कर रहे एक कर्मचारी को जा लगा। गंभीर चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
मृतक की पहचान रेमुना ब्लाक के बिमु रिया गांव निवासी वीरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। हादसे के बाद पेट्रोल पंप परिसर में तनाव फैल गया। आक्रोशित लोगों ने मृतक के स्वजन को न्याय दिलाने और मुआवजा देने की मांग करते हुए तोड़फोड़ की।
गैसकर्मी टैंक को गैस कटर से काट रहे थे
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नीलगिरि शहर के वार्ड नंबर सात के अंतर्गत बालीगोहीरी स्थित सत्यसाईं फिलिंग स्टेशन के परिसर में पुराने तेल टैंक को हटाने का काम चल रहा था। इसके लिए कोलकाता क्षेत्र से आए तीन गैसकर्मी टैंक को गैस कटर से काट रहे थे। इसी दौरान अचानक आग लग गई और टैंक में विस्फोट हो गया।
विस्फोट इतना जोरदार था कि टैंक का ढक्कन उछलकर पास में काम कर रहे वीरेंद्र सिंह को जा लगा। हादसे में उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। अचानक हुए इस हादसे से पेट्रोल पंप परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
पुलिस ने पंप मालिक और मैनेजर समेत पांच लोगों को हिरासत में लिया
घटना की सूचना मिलते ही नीलगिरि थाने के आइआइसी गोवर्धन नायक पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए पेट्रोल पंप के मालिक दीप्तिकांत महापात्र, मैनेजर कमलालोचन नायक, गैस कटर चलाने वाले कर्मचारी और दो अन्य कर्मचारियों को हिरासत में लिया है। पुलिस हादसे के कारणों का पता लगाने के साथ यह भी जांच कर रही है कि पुराने तेल टैंक को काटने के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं।
मुआवजे की मांग पर शेरगढ़-नीलगिरि मार्ग जाम
हादसे में कर्मचारी की मौत के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। मृतक के स्वजन और रिश्तेदारों ने 50 लाख रुपये मुआवजे की मांग करते हुए शेरगढ़-नीलगिरि मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन किया। यह मार्ग राज्य राजमार्ग संख्या-19 का हिस्सा है।
प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम कर दिया, जिससे इलाके में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। मृतक के परिवार को उचित मुआवजा देने और हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। वहीं, आक्रोशित लोगों ने पेट्रोल पंप परिसर में तोड़फोड़ भी की।
घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने और मामले की जांच करने की कार्रवाई शुरू की। हादसे ने पेट्रोल पंप परिसर में पुराने टैंक को काटने जैसे जोखिम भरे कार्यों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और सावधानी बरतने की आवश्यकता को भी रेखांकित किया है।
