मुजफ्फरपुर, {गोपाल तिवारी}। 4 जी तकनीक वाले स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर से जिले में शहर व ग्रामीण क्षेत्रों की सूरत बदली जाएगी। इसके लगने से 20 साल पुरानी तकनीक वाले बिजली मीटर से लोगों को छूटकारा मिल जाएगा। दुर्गा पूजा के बाद से पहले फेज का काम शुरू होगा। शहर के अरबन-1,2 और पश्चिमी डिविजन लगाने की शुरूआत की जाएगी। उर्जा विभाग की ओर से इसकी जबरदस्त मानिटरिंग की जा रही है। शहर के करीब 15 लाख बिजली उपभोक्ता हैं। उन सभी उपभोक्ताओं को 4 जी तकनीक वाली स्मार्ट मीटर में बदल देने की योजना है। शुरूआती दौर में शहर के लिए सात लाख स्मार्ट मीटर आवंटित किए गए हैं।

उपभोक्ताओं के घर जाकर करेंगे जागरूक

स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर को लेकर भ्रांतियां दूर करने के लिए हर घर सर्वे अभियान शुरू होने वाली है। इस सप्ताह में यह अभियान शुरू हो जाएगा। स्मार्टर मीटर को लेकर अगर किसी के मन में कोई सवाल होगा तो उसको दूर किया जाएगा। सर्वे के दौरान कंपनी के लोगों के साथ बिजली विभाग के अधिकारी भी शामिल होंगे। घर पर जाकर स्मार्ट मीटर के बारे में जानकारी उपलब्ध कराएंगे। मुख्यालय से इसकी मानिटिरिंग की जा रही है। बिजली अधिकारी का कहना है कि अगर कोई उपभोक्ता स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर को अपने घर पर लगाकर नये-पुराने दोनों मीटर की रीडिंग चेक करना चाहेंगे तो यह सुविधा भी उनको प्रदान की जाएगी। तीनों दिनों की रिडिंग चेक कर बता देंगे। इसके बाद उनके पास कोई दूसरा बहाना नहीं चलेगा।

कैंप लगाकर सुलझाएंगे बिजली बिल की समस्या

स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटर लगाने से पहले उर्जा विभाग ने विद्युत अधिकारियों को सभी जगहों पर कैंप लगाकर गड़बड़ी वाले बिजली बिल को पहले सुधार करने का आदेश दिया है ताकि उस समय परेशानी नहीं हो। यह आदेश 10 अगस्त को ही दिया जा चुका है। लेकिन बिजली अधिकारी अभी तक यह कार्य जिले में शुरू नहीं करा सके हैं।

आनलाइन रिचार्ज से मिलेगी 3 प्रतिशत का फायदा

उर्जा विभाग के सीनियर प्रोटोकाल अफसर ख्वाजा जमाल ने बताया कि 4 जी तकनीक वाले स्मार्ट बिजली मीटर से उर्जा के साथ लोगों को पैसों की भी बचत होगी। राज्य में 9 लाख 86 हजार घरों में स्मार्ट मीटर लग चुके हैं। शीघ्र ही दस लाख का आंकड़ा पार करने वाला है। आनलाइन बिजली बिल से उपभोक्ताओं को 3 प्रतिशत का फायदा मिलेगा। एंड्रायड मोबाइल वाले अपने मोबाइल से बिजली रिचार्ज कर सकते हैं। जिनके पास नहीं है वे बिजली कार्यालय में जाकर कराएंगे। यह काम सेक्योर एजेंसी को मिला है। स्मार्ट मीटर लगने के समय सभी डिविजनों में एजेंसी के एक-एक कर्मी तैनात होंगे। किसी प्रकार की समस्या आने पर तुरंत समाधान करेंगे। नहीं करने की शिकाय आने पर स्थानीय व मुख्यालय स्तर से उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

Edited By: Dharmendra Kumar Singh