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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 13, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सोशल मीडिया ने खोली NH के बदहाली की पोल, चार इंजीनियर बर्खास्त; ठेकेदारों पर 50-50 लाख का जुर्माना

Published: Fri, 13 Sep 2024 08:01 PM (IST)

नेशनल हाइवेज की मरम्मत में लापरवाही बरतने पर केंद्र सरकार सख्त हो गई है। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ...और पढ़ें

राजमार्गों की बदहाली की तस्वीरें इंटरनेट मीडिया पर डाली जा रही हैं। (File Photo)
राजमार्गों की बदहाली की तस्वीरें इंटरनेट मीडिया पर डाली जा रही हैं। (File Photo)

HighLights

  1. केंद्रीय मंत्री गडकरी का था निर्देश, एनएचएआई ने ठेकेदारों पर लगाया 50-50 लाख का जुर्माना।
  2. अमृतसर-जामनगर इकोनॉमिक कॉरिडोर और दिल्ली-वडोदरा एक्सप्रेसवे पर हो गए थे बड़े-बड़े गड्ढे।

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। सड़कों की मरम्मत के मामले में लापरवाही बरतने वाले अफसरों और ठेकेदार फर्मों के लिए केंद्र सरकार का यह निर्णय सबक लेने वाला होना चाहिए। अमृतसर-जामनगर इकोनॉमिक कॉरिडोर और दिल्ली-वडोदरा एक्सप्रेसवे की बदहाली की तस्वीरों और वीडियो का संज्ञान लेकर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने सख्त कार्रवाई करते हुए जिम्मेदार चार इंजीनियरों को बर्खास्त कर दिया है।

साथ ही दोनों मामलों से संबंधित ठेकेदारों पर 50-50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। संभवत: इस तरह की कार्रवाई कम ही मामलों में हुई होगी। पिछले दिनों से इंटरनेट मीडिया पर जनता के द्वारा कई सड़कों या राजमार्गों की बदहाली की तस्वीरें इंटरनेट मीडिया पर डाली जा रही हैं।

नितिन गडकरी ने लगाई थी फटकार

शिकायतों को लेकर अक्सर बेपरवाह बने रहने वाले जिम्मेदार अधिकारी तो आंखें मूंदे रहने के अंदाज में ही थे, लेकिन पिछले दिनों केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने मंत्रालय और एनएचएआई के शीर्ष अधिकारियों के साथ बैठक कर स्पष्ट निर्देश दिया कि राष्ट्रीय राजमार्गों-एक्सप्रेसवे की खराब स्थिति को लेकर इंटरनेट मीडिया या किसी भी माध्यम से जानकारी मिले, उसका तुरंत संज्ञान लेकर मरम्मत कराई जाए।

उसके बाद हाल ही में ट्वीट के माध्यम से अमृतसर-जामनगर इकोनॉमिक कॉरिडोर संगरिया-रसिसार सेक्शन के किलोमीटर-39 पर गड्ढों की तस्वीरें वायरल हो गईं। इसका संज्ञान लेते हुए एनएचएआई ने ठेकेदार पर 50 लाख रुपये जुर्माना लगाते हुए संबंधित प्राधिकरण के रेजीडेंट इंजीनियर और साइट इंजीनियर को लापरवाह मानते हुए उनकी सेवाएं समाप्त कर दीं। परियोजना निदेशक व डिप्टी मैनेजर टेक्निकल को कारण बताओ नोटिस दिया है।

सोशल मीडिया में शेयर किया गया था वीडियो

एनएचएआई की ओर से दावा किया गया है कि बरसात की वजह से आ रहे व्यवधान के बावजूद अस्थायी तौर पर उक्त स्थान पर मरम्मत कार्य करा दिया गया है। वर्षा का मौसम समाप्त होने के बाद आईआईटी खड़गपुर के विशेषज्ञ प्रो. केएस रेड्डी के निर्देशन में एक्सप्रेसवे के प्रभावित हिस्से को स्थायी तौर पर दुरुस्त कराया जाएगा।

इसी तरह इंटरनेट मीडिया पर दिल्ली-वडोदरा एक्सप्रेसवे के पैकेज-9 स्थित चैनल 280.980 पर सड़क की बदहाली का वीडियो प्रसारित हुआ। इसका संज्ञान लेते हुए रेजीडेंट इंजीनियर और साइट इंजीनियर को बर्खास्त कर दिया। ठेकेदार पर 50 लाख रुपये का जुर्माना लगाते हुए परियोजना निदेशक और प्रबंधक तकनीकी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

विशेषज्ञों को सौंपा गया जिम्मा

इसके साथ ही प्रभावित हिस्से की अस्थायी मरम्मत कराते हुए आईआईटी खड़गपुर के विशेषज्ञ प्रो. केएस रेड्डी और आईआईटी गांधीनगर के प्रो. जीवी राव को एक्सप्रेसवे को हुई इस क्षति का कारण पता करने तो श्रीराम इंस्टीट्यूट नई दिल्ली को नमूने एकत्र कर उनकी जांच का जिम्मा सौंपा गया है।