देश का पहला जैविक मत्स्य पालन क्लस्टर बना सिक्किम का सोरेंग, मिली बड़ी उपलब्धि
सिक्किम का पश्चिमी जिला सोरेंग प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत देश का पहला अधिसूचित जैविक मत्स्य पालन क्लस्टर बन गया है।

जैविक मत्स्य पालन क्लस्टर बना सोरेंग।
HighLights
सिक्किम का सोरेंग बना पहला जैविक मत्स्य क्लस्टर
प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत हुई घोषणा
रसायन-मुक्त अमूर कार्प, ट्राउट उत्पादन पर जोर
जागरण संवाददाता, गंगटोक। सिक्किम के पश्चिमी जिले सोरेंग को प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत देश का पहला अधिसूचित जैविक मत्स्य पालन क्लस्टर बनाया गया है।
केंद्रीय मत्स्य पालन, पशुपालन एवं डेयरी मंत्री राजीव रंजन सिंह ने सोमवार को इसकी घोषणा की। इस अवसर पर उन्होंने पूर्वोत्तर क्षेत्र में जैविक मत्स्य पालन के प्रमाणीकरण के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी करने के साथ ही सिक्किम में 3.75 करोड़ रुपये की मत्स्य परियोजनाओं का उद्घाटन किया।
देशभर में मत्स्य उत्पादन और प्रसंस्करण को बढ़ावा देने के लिए कुल 34 क्लस्टर अधिसूचित किए गए हैं। सोरेंग क्लस्टर में अमूर कार्प, भारतीय प्रमुख कार्प और ट्राउट मछलियों के जैविक उत्पादन पर जोर रहेगा। इसमें रसायनों, एंटीबायोटिक और कीटनाशकों के इस्तेमाल के बिना मछली पालन को प्रोत्साहित किया जाएगा।