सिक्किम में भारी बारिश का कहर, चुंगथांग में लैंडस्लाइड से सड़कें बंद; 200 पर्यटक फंसे
उत्तर सिक्किम में भारी बारिश और भूस्खलन से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। चुंगथांग में 150-200 पर्यटक फंस गए हैं, जिन्हें आईटीबीपी कैंप और गुरुद्वारे में सुरक्षित रखा गया है।
HighLights
उत्तर सिक्किम में भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
चुंगथांग में 150-200 पर्यटक भूस्खलन के कारण फंसे।
फंसे पर्यटकों को आईटीबीपी कैंप और गुरुद्वारे में सुरक्षित रखा गया।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। उत्तर सिक्किम में अचानक भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। चुंगथांग में 150 से 200 पर्यटक फंस गए हैं। लैंडस्लाइड के कारण गंगटोक से लाचेन और चुंगथांग से लाचेन जाने वाले रास्ते पूरी तरह बंद हो गए। अब ये पर्यटक आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं।
जिला कलेक्टर अनंत जैन ने बताया कि कई जगहों पर भूस्खलन हुआ है। इससे सड़कें पूरी तरह ब्लॉक हो गई हैं। पर्यटक लाचेन घूमने जा रहे थे, लेकिन बीच रास्ते में ही अटक गए। अभी सभी पर्यटकों को आईटीबीपी कैंप और गुरुद्वारे में सुरक्षित रखा गया है। वहां उन्हें खाने-पीने और रहने की व्यवस्था की गई है। जिला प्रशासन ने तुरंत मदद पहुंचाई।
मौसम बेहतर होने सड़क सुधारा जाएगा
जिला कलेक्टर अनंत जैन ने कहा कि मौसम अगर बेहतर हुआ तो सड़कों को साफ करने का काम शुरू किया जाएगा। रास्ते पूरी तरह सुरक्षित होने के बाद ही पर्यटकों को आगे जाने की इजाजत दी जाएगी। फिलहाल लाचेन की ओर कोई भी आवाजाही बंद है।
दूसरी तरफ लाचुंग की सड़क पर लगे अवरोध को साफ कर दिया गया है। वहां फंसे पर्यटकों को सुरक्षित तरीके से गंगटोक वापस भेज दिया गया है। प्रशासन ने इस ओर जल्दी कार्रवाई की।
अभी भी इलाके में हल्की-हल्की बारिश हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। इसलिए प्रशासन सतर्क है और स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है।

पहले भी मौसम ने बरपाया था कहर
इस महीने की शुरुआत में भी सिक्किम में तेज आंधी और ओलावृष्टि हुई थी। इससे पाकयोंग, गंगटोक और मंगन जिलों में बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई। कई 66 केवी ट्रांसमिशन लाइनों पर असर पड़ा।
पाकयोंग जिले में रोराथांग-रोंगली ट्रांसमिशन लाइन का एक कंडक्टर अम्बा इलाके में टूट गया। इससे रोंगली और रेन्नॉक क्षेत्रों में बिजली गुल हो गई। गंगटोक जिले में नामली इलाके में भी स्पार्किंग हुई और जोर की आवाज आई। इससे निमतार, तोपाखानी और सिंगताम इलाकों में बिजली प्रभावित हुई।
सिक्किम पावर डिपार्टमेंट ने बताया कि मार्चक-मैक्लोड्स ट्रांसमिशन लाइन भी प्रभावित हुई। साथ ही एलएलएचपी-सिचेय लाइन को ट्रायल चार्जिंग के दौरान बनाए रखा नहीं जा सका। अभी उत्तर सिक्किम में स्थिति सामान्य होने का इंतजार है। प्रशासन और स्थानीय लोग मिलकर पर्यटकों की मदद कर रहे हैं। मौसम साफ होते ही सड़कें खोलने का काम तेज किया जाएगा।
