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RSS के पदाधिकारी देवबंद व बरेली के मुस्लिम आध्यात्मिक नेताओं से करेंगे मुलाकात, विभिन्न मुद्दों पर होगी चर्चा

इससे पहले 14 जनवरी को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सदस्यों ने मुस्लिम धर्मगुरुओं से मुलाकात की थी और काशी और मथुरा में मंदिर के मुद्दों अभद्र भाषा और यहूदी बस्ती में रहने वाले मुसलमानों सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की थी। (जागरण-फोटो)

By AgencyEdited By: Ashisha Singh RajputPublished: Sun, 29 Jan 2023 09:19 PM (IST)Updated: Sun, 29 Jan 2023 09:19 PM (IST)
इस बैठक की तारीख अभी तय नहीं है।

नई दिल्ली, पीटीआई। आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी आने वाले दिनों में देवबंद और बरेली के मुस्लिम आध्यात्मिक नेताओं से मिलेंगे। यह मुलाकात बेहद खास मानी जा रही है क्योंकि इसमें दोनों पक्ष विभिन्न विवादास्पद मुद्दों पर चर्चा करेंगे। सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी।

आपसी सहमति से तय की जाएगी बैठक की तारीख

बता दें कि इस बैठक की तारीख अभी तय नहीं है। यह दोनों पक्षों की आपसी सहमति से तय की जाएगी। सूत्रों ने बताया कि केरल में वरिष्ठ मुस्लिम आध्यात्मिक नेताओं के साथ एक बैठक भी चल रही है। वहीं इससे पहले 14 जनवरी को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सदस्यों ने मुस्लिम धर्मगुरुओं से मुलाकात की थी और काशी और मथुरा में मंदिर के मुद्दों, अभद्र भाषा और यहूदी बस्ती में रहने वाले मुसलमानों सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की थी।

सूत्रों ने दी जानकारी

सूत्रों ने कहा कि अगस्त की बैठक दिल्ली के पूर्व उपराज्यपाल नजीब जंग के आवास पर हुई थी और आरएसएस का प्रतिनिधित्व इसके संयुक्त महासचिव कृष्ण गोपाल, राम लाल और इंद्रेश कुमार ने भी किया था। उन्होंने कहा कि बैठक के दौरान कई मुद्दों पर बात हुई, जिसमें उन्होंने काशी और मथुरा मंदिर के मुद्दों का सौहार्दपूर्ण समाधान निकालने के बारे में बात की थी।

इस बैठक में जमात-ए-इस्लामी हिंद, जमीयत उलमा-ए-हिंद सहित प्रमुख मुस्लिम निकायों का प्रतिनिधित्व किया गया, जिसमें अजमेर दरगाह के सलमान चिश्ती भी शामिल हुए। सूत्रों ने आगे बताया कि दोनों पक्ष बातचीत की प्रक्रिया जारी रखने और विवादित मुद्दों का सौहार्दपूर्ण समाधान निकालने पर सहमत हुए थे।

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