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'शक्ति का प्रयोग करुणा के आधार पर करने वाला देश ही समृद्ध', रिस्पान्सिबल नेशंस इंडेक्स की शुरुआत पर बोले रामनाथ कोविंद

Published: Mon, 19 Jan 2026 08:37 PM (IST)

पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने नई दिल्ली में रिस्पॉन्सिव नेशंस इंडेक्स (RNI) का शुभारंभ किया। उन्होंने जोर दिया कि किसी ...और पढ़ें

रिस्पान्सिबल नेशंस इंडेक्स की शुरुआत आंबेडकर अंतरराष्ट्रीय केंद्र में की गई (फोटो: @ramnathkovind)

रिस्पान्सिबल नेशंस इंडेक्स की शुरुआत आंबेडकर अंतरराष्ट्रीय केंद्र में की गई (फोटो: @ramnathkovind)

HighLights

  1. पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने RNI का किया शुभारंभ।

  2. देश की ताकत जिम्मेदारी, करुणा से आंकी जानी चाहिए।

  3. RNI नैतिकता, चरित्र पर देशों का मूल्यांकन करेगा।

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। देश की ताकत केवल जीडीपी, प्रति व्यक्ति आय या सेना के आकार से नहीं आंकी जानी चाहिए, बल्कि यह भी देखा जाना चाहिए कि वह अपने नागरिकों, पर्यावरण और पूरी दुनिया के प्रति कितना जिम्मेदार है। इसी सोच के साथ रिस्पान्सिबल नेशंस इंडेक्स (आरएनआई) की शुरुआत सोमवार को नई दिल्ली स्थित आंबेडकर अंतरराष्ट्रीय केंद्र में की गई।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द ने कहा कि कोई भी देश सिर्फ उसकी आर्थिक क्षमता, सैन्य शक्ति या तकनीकी विकास से नहीं पहचाना जा सकता। असली पहचान है कि वह अपने लोगों के साथ कैसा व्यवहार करता है और अपनी शक्ति का उपयोग किस भावना से करता है। उन्होंने कहा कि समृद्धि और प्रगति तभी सार्थक होती है जब शक्ति का प्रयोग करुणा और नैतिकता के आधार पर हो।पूर्व राष्ट्रपति ने कहा कि एक देश अपने नागरिकों से बनता है।

बेहतर भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम

आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए यह इंडेक्स एक महत्वपूर्ण कदम है। आरएनआई किसी देश की नैतिकता और उसके चरित्र को दर्शाता है। पाकिस्तान की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि दुनिया में कुछ ऐसे देश भी हैं जो मानवता और शांति के खिलाफ काम करते हैं।

ऐसे हालात में देशों को अपने आचरण और नीतियों को जिम्मेदारी के मानकों के अनुसार ढालने की जरूरत है। व‌र्ल्ड इंटेलेक्चुअल फाउंडेशन के संस्थापक सुधांशु मित्तल ने कहा कि आरएनआई बुनियादी सवाल पूछता है कि कोई देश अपनी शक्ति का उपयोग कितनी जिम्मेदारी से करता है। उन्होंने कहा कि जिम्मेदारी के बिना समृद्धि टिकाऊ नहीं हो सकती।

क्या है आरएनआई?

रिस्पॉन्सिबल नेशंस इंडेक्स को व‌र्ल्ड इंटेलेक्चुअल फाउंडेशन ने तैयार किया है। यह सूचकांक तीन साल के गहन अध्ययन और विचार-विमर्श का नतीजा है। इसमें देशों का मूल्यांकन केवल आर्थिक ताकत या अंतरराष्ट्रीय प्रभाव के आधार पर नहीं, बल्कि इस आधार पर किया जाता है कि वे अपने नागरिकों के कल्याण, पर्यावरण संरक्षण और वैश्विक जिम्मेदारियों को कितनी गंभीरता से निभाते हैं।

इस इंडेक्स के बौद्धिक और शोध आधार को मजबूत करने में जेएनयू और आईआईएम मुंबई जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों की अहम भूमिका रही है। कार्यक्रम में 15वें वित्त आयोग के अध्यक्ष एनके सिंह, जस्टिस (सेवानिवृत्त) अरुण कुमार मिश्रा, जेएनयू के कुलपति प्रो. संतिश्री डी. पंडित, आईआईएम मुंबई के निदेशक प्रो. मनोज कुमार तिवारी एवं अर्थशास्त्री प्राची मिश्रा आदि शामिल हुए। उद्घाटन से पहले 21वीं सदी में जिम्मेदारी, समृद्धि और शांति जैसे विषयों पर विशेषज्ञ चर्चा भी हुई।

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