विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

राघव चड्ढा एपिसोड: भाजपा के हुए 'आप' के 7 सांसद, विलय की मंजूरी के बाद राज्यसभा में बदला नंबर गेम

Published: Mon, 27 Apr 2026 10:00 PM (IST)

राज्यसभा के सभापति ने आम आदमी पार्टी के सात सांसदों, जिनमें राघव चड्ढा और स्वाति मालीवाल शामिल हैं, के भाजपा में विलय को मंजूरी दे दी है।

आप के 7 राज्यसभा सांसदों का भाजपा में विलय (फोटो-पीटीआई)

आप के 7 राज्यसभा सांसदों का भाजपा में विलय (फोटो-पीटीआई)

timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन ने राघव चड्ढा, संदीप पाठक, स्वाति मालीवाल सहित आम आदमी पार्टी (आप) के सात राज्यसभा सांसदों के भाजपा में विलय को मंजूरी दे दी है।

इन सांसदों ने 24 अप्रैल को आप से बगावत कर भाजपा में शामिल होने की घोषणा की थी। साथ ही सभापति को आवेदन देकर खुद के भाजपा में विलय की मांग की थी।

BJP के हुए AAP के 7 सांसद

सभापति ने इनके आवेदनों को जांचने व कानूनी प्रक्रिया को समझने के बाद सभी सातों सांसदों को 24 अप्रैल से ही भाजपा सांसद के रूप में मान्यता दे दी है।

राज्यसभा सचिवालय ने विलय की मंजूरी के साथ ही सोमवार को राज्यसभा की अधिकारिक अपडेट दलीय सूची भी जारी की है, जिसमें आप के सातों बागी सांसदों के नाम अब भाजपा सांसद के रूप में दर्ज किए गए हैं।

Raghav Chadha (1)

राज्यसभा में बदला नंबर गेम

इसके साथ ही राज्यसभा में भाजपा सांसदों की संख्या भी अब 106 से बढ़कर 113 हो गई है। वहीं आप सांसदों की संख्या 10 से घटकर तीन हो गई है।

इस बीच जिन सात आप सांसदों को भाजपा सांसद के रूप में मान्यता दी गई है, उनमें राघव चड्ढा, संदीप पाठक, अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, विक्रमजीत साहनी, स्वाति मालीवाल और राजेंद्र गुप्ता शामिल हैं।

आम आदमी पार्टी के अब राज्यसभा में जो तीन सांसद रह गए हैं, उनमें संजय सिंह, एनडी गुप्ता व संत बलवीर सिंह शामिल हैं।

राज्यसभा के सभापति ने आप से बागी सांसदों के भाजपा में विलय को यह मंजूरी तब दी गई है, जब राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने इनके विलय को असंवैधानिक बताते हुए सभापति से इनकी सदस्यता को रद करने के लिए आवेदन दिया था।

सभापति के फैसले के बाद संजय सिंह ने सवाल खड़े किए और कहा कि अब तक उनके आवेदन पर सुनवाई नहीं हुई है। हालांकि राज्यसभा सचिवालय से जुड़े सूत्रों की मानें तो आप के सातों बागी सांसदों के भाजपा में विलय के आवेदन को 24 अप्रैल को मिलने के तुरंत बाद ही मंजूरी दे दी गई थी। जबकि संजय सिंह का आवेदन इसके बाद आया था।

राघव चड्ढा ने भाजपा में शामिल पर उठ रहे सवालों के दिए जवाब

राघव चड्ढा ने सोमवार को इंटरनेट मीडिया के जरिए खुद के भाजपा में शामिल होने के फैसले पर उठ रहे सवालों का जवाब दिया है। उन्होंने कहा कुछ लोग मेरे इस फैसले के पीछे क्या कारण है उस बारे में पूछ रहे हैं।

राघव चड्ढा ने कहा, 'मैं अपने करियर को बनाने के लिए नहीं बल्कि करियर छोड़कर राजनीति में आया था। आम आदमी पार्टी अब उन लोगों के हाथों में फंसकर रह गई है जो अपने निजी फायदे के लिए काम कर रहे हैं। मैं आप सभी की समस्याओं को और अधिक मेहनत के साथ उठाऊंगा और उसके निवारण पर भी काम कर पाऊंगा।'

यह भी पढ़ें- 'गुड बाय टुकड़े-टुकड़े इंडी गठबंधन', भाजपा ने किया राघव चड्ढा और उनके साथियों का स्वागत; विपक्ष पर कसा तंज

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।