श्रीनगर (राज्य ब्यूरो)। जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में बुधवार को ईद-उल-अजहा के मौके पर कड़ी सुरक्षा के बावजूद आतंकी संगठन अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे। कश्मीर के अलग-अलग हिस्सों में पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आईं और शाम तक दो पुलिसवालों समेत तीन हत्याएं हो गईं।

शाम को आतंकियों की गोली का निशाना इंस्पेक्टर मोहम्मद अशरफ डार बने। आतंकियों ने उनके निवास पर ही उनकी हत्या की। इससे पहले कुलगाम में आतंकियों ने एक कॉन्सटेबल की हत्या की। 

दिनभर हिंसक वारदातों को काबू में करने के लिए सुरक्षाबलों को आगे आना पड़ा। कश्मीर घाटी के विभिन्न हिस्सों में नमाज-ए-ईद के बाद पाकिस्तान समर्थकों और पुलिस के बीच हुई हिंसक झड़पों में चार सुरक्षाकर्मियों समेत एक दर्जन से ज्यादा लोग जख्मी हो गए। दरअसल, आज सुबह से ही यहां कुछ नकाबपोश पाकिस्तान और इस्‍लामिक स्‍टेट के झंडे लहराते देखे गए। बता दें कि पूरे देश में आज बकरीद मनाई जा रही है।

हिरासत में पत्‍थरबाज
इस दौरान पुलिस ने कई पत्थरबाजों को भी हिरासत में लिया। दक्षिण कश्मीर में अनंतनाग के अशाजीपोरा और जंगलात मंडी में नमाज के संपन्न होने के साथ ही बड़ी संख्या में युवकों ने जमा होकर राष्‍ट्रविरोधी नारे लगाते हुए एक जुलूस निकाला। जुलूस में शामिल कुछ युवकों ने वहां तैनात सुरक्षाकर्मियों पर बिना किसी उकसावे के पथराव करते हुए, सार्वजनिक संपत्ति को भी नुकसान पहुंचाया।

श्रीनगर में ईदगाह में नमाज के संपन्न होने और मीरवाईज मौलवी उमर फारुक के अपने घर के लिए रवाना होने के तुरंत बाद हिंसा भड़क उठी। उत्तरी कश्मीर के सोपोर, बारामुला,पल्हालन पटटन और कुपवाड़ा में भी नमाज-ए-ईद के बाद भारत विरोधी प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षाबलों पर पथराव करते हुए उनके बंकरों और वाहनों पर हमले किए। 

कुलगाम: कांस्‍टेबल की हत्‍या
एक ओर जहां देश में आज बकरीद मनाई जा रही है वहीं कश्‍मीर में जगह-जगह हिंसक वारदातों के कारण मातम का माहौल बन गया है। मिली जानकारी के अनुसार, औगाम में ट्रेनी कांस्‍टेबल फैयाज अहमद शाह नमाज-ए-ईद अदा करने के बाद जैसे ही मस्जिद से बाहर निकला अचानक आतंकियों ने उसका रास्ता रोका। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाता, आतंकियों ने उस पर अपने स्वचालित हथियारों से अंधाधुंध गोलियां चलाई। गोलियों की आवाज से वहां अफरा-तफरी मच गई। इसी दौरान आतंकी भी भाग निकले। गोलियों की आवाज सुनकर निकटवर्ती इलाके में मौजूद सुरक्षाबलों ने तुरंत मौके पर पहुंच कर,पूरे इलाके की घेराबंदी की और आतंकियों को पकड़ने के लिए एक सघन तलाशी अभियान चलाया। इसी दौरान खून से लथपथ पड़े फैयाज अहमद शाह काे अस्पताल ले जाया गया,जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

संबधित पुलिस अधिकारियों ने बताया कि फैयाज अहमद शाह पहले पुलिस विभाग में एसपीओ था। लेकिन उसकी कर्तव्यनिष्ठा को देखते हुए उसे कुछ समय पहले ही पुलिस विभाग में बतौर कांस्टेबल नियुक्त किया गया था। इन दिनों वह जिला गांदरबल के मनिगाम स्थित पुलिस पुलिस प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहा था और कुछ दिन पहले ही अपने परिजनों के साथ ईद मनाने के लिए वह छुट्टी लेकर घर आया था।

जारी है आतंकियों का उत्‍पात
बिजबेहरा के हसनपुरा में सीआरपीएफ की 30वीं बटालियन के जी कंपनी के मेन गेट पर कुछ बाइक सवार आतंकियों ने फायरिंग की। जिसके बाद गेट पर मौजूद गार्ड ने भी जवाबी फायरिंग की लेकिन आतंकी फरार होने में कामयाब रहे।

आतंकियों ने की भाजपा कार्यकर्ता की हत्‍या
मंगलवार रात पुलवामा में आतंकियों ने भाजपा कार्यकर्ता शब्बीर अहमद बट की गोली मारकर हत्या कर दी थी। हमले को अंजाम देने के बाद आतंकी मौके से फरार हो गए। 2017 में भी आतंकियों ने भाजपा के यूथ प्रेसीडेंट को शापियां से अगवा कर मौत के घाट उतार दिया था।

इसके पहले जून माह में ईद के मौके पर भी यहां उपद्रव का माहौल था। उस दिन भी पाकिस्‍तान व आतंकी संगठनों के झंडे लहराते हुए दिखे थे।

Posted By: Monika Minal