'एक ही परिवार के छह सदस्यों के नाम मतदाता सूची में फिर से जोड़ने का आदेश', बांबे हाई कोर्ट का बड़ा फैसला
सालगांवकर परिवार ने आयोग द्वारा एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची से अपने नाम हटाए जाने को चुनौती दी थी। ...और पढ़ें

एक ही परिवार के छह सदस्यों के नाम मतदाता सूची में फिर से जोड़ने का आदेश (सांकेतिक तस्वीर)
HighLights
एसआईआर प्रक्रिया में कटे थे नाम, हाई कोर्ट की चुनाव आयोग को सख्त हिदायत
गोवा के परेश सालगांवकर और उनके परिवार को हाई कोर्ट से मिली बड़ी जीत
पीटीआई, पणजी। बांबे हाई कोर्ट ने गुरुवार को चुनाव आयोग को आदेश दिया कि वह गोवा के रहने वाले परेश सालगांवकर और उनके परिवार के पांच सदस्यों के नाम मतदाता सूची में फिर से जोड़े। इन नामों को एसआईआर प्रक्रिया के दौरान हटा दिया गया था।
हाई कोर्ट की गोवा पीठ ने यह निर्देश सांता क्रूज़ विधानसभा क्षेत्र के रहने वाले सालगांवकर और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा दायर एक याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया।
सालगांवकर परिवार ने आयोग द्वारा एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची से अपने नाम हटाए जाने को चुनौती दी थी। यह तब हुआ जब पता बदलने के लिए उनके द्वारा भरे गए 'फार्म 8' आवेदन को खारिज कर दिया गया था।
सालगांवकर और उनके परिवार की ओर से पेश वकील विवेक रोड्रिग्स ने बताया कि हाई कोर्ट ने आदेश दिया है कि याचिकाकर्ताओं के नाम 10 दिनों के भीतर मतदाता सूची में फिर से जोड़ दिए जाएं।
उन्होंने बताया कि याचिकाकर्ता का नाम पहले मतदाता सूची में था और वह 1995 से वोट डाल रहे थे, लेकिन अपना निवास स्थान बदलने के कारण उनका नाम हटा दिया गया था।