नई दिल्‍ली, एएनआइ। देश में लॉकडाउन और कोरोना वायरस से निपटने को लेकर स्‍वास्‍थ्‍य और गृह मंत्रालय की  संयुक्‍त रूप से बुधवार को प्रेस कांफ्रेंस हुई। स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय के संयुक्‍त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि अब तक कोरोना वायरस के 1637 मामले सामने आए हैं। कल के बाद 386 नए पॉजीटिव मामले सामने आए हैं। 38 मौतें हुई हैं। 132 लोग स्‍वस्‍थ्‍य बरामद हुए हैं। कल से पॉजीटिव मामलों में वृद्धि के मुख्य कारणाेें में से एक तब्लीगी जमात के सदस्यों द्वारा देश के अलग-अलग हिस्‍से में यात्रा करना है।  

उन्‍होंने कहा कि तब्लीगी जमात से संबंधित 1800 लोगों को 9 अस्पतालों और क्‍वारंटाइन सेंटर में भेजा गया है। हालिया मामलों में वृद्धि नेशनल ट्रेंड का प्रतिनिधित्व नहीं करती है।  

लव अग्रवाल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि गलत सूचनाओं की जांच होनी चाहिए। उसके लिए हमने ईमेल आईडी technicalquery.covid19@gov.in बनाया है, जिसके माध्यम से स्वास्थ्य मंत्रालय के एक संयुक्त सचिव-रैंक अधिकारी और एम्स के विशेष डॉक्टर तकनीकी सहायता प्रदान करेंगे।

लव अग्रवाल ने कहा कि रेलवे 20 हजार कोचों को बदल कर 3.2 लाख आइसोलेशन और क्‍वारंटाइन बेड स्थापित करने की तैयारी कर रहा है। 5000 कोचों में बदलाव शुरू हो गया है। टेस्‍ट किट, दवाओं और मास्क जैसे आवश्यक वस्तुओं के लिए परिवहन की  आवश्‍यक उड़ानें शुरू की गई हैं।

भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के रमन गंगा केतकर ने कहा कि  हमने अब तक 47,951 टेस्‍ट किए हैं। आईसीएमआर नेटवर्क में 126 लैब्‍स हैं, जिन निजी लैब्‍स  को मंजूरी दी गई है उनमें से 51 हैं।

गृह मंत्रालय की संयुक्‍त सचिव पुण्य सलिला श्रीवास्तव ने कहा कि राज्य प्रवासी श्रमिकों के लिए भोजन और आश्रय की व्यवस्था कर रहे हैं। 21,486 राहत शिविर स्थापित किए गए हैं जहां  6,75,133 व्यक्तियों को आश्रय दिया गया है। 

 

Posted By: Arun Kumar Singh

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