नीलू रंजन, नई दिल्ली। कैश वैन में लूट की घटनाओं को रोकने के लिए सरकार ने नए दिशानिर्देश जारी किये हैं। इसके तहत कैश वैन में जीपीएस सिस्टम लगाने से लेकर ड्राइवर, गार्ड की संख्या, उनके सत्यापन समेत कई प्रावधान किये गए हैं। नए दिशानिर्देशों से संबंधित अधिसूचना को पिछले महीने जारी कर दिया गया है और नकदी लाने-ले जाने में लगी सभी निजी कंपनियों को छह महीने के भीतर इस पर अमल करने का समय दिया गया है।

हर दिन 15 करोड़ रुपये बैंकों के ढोते हैं कैश वैन

गृहमंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि देश में निजी कंपनियों की आठ हजार बख्तरबंद गाडि़यां बैंकों से नकदी व महंगे सामान ढोने में लगी हैं। ये सभी वैन रोजाना 15 करोड़ रुपये के नोट लाने ले जाने का काम करती हैं, लेकिन निजी कंपनियों द्वारा चलायी जा रही इन कैश वैन में सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन नहीं किया जा रहा है। आए दिन कैश वैन में लूट की घटनाओं को देखते हुए सरकार ने सुरक्षा के नए दिशानिर्देश जारी किये है।

प्रत्येक कैश वैन में एक ड्राइवर, दो सुरक्षा गार्ड और दो बैक अधिकारी होंगे

नए दिशानिर्देशों के मुताबिक विशेष डिजाइन से तैयार की गई गाडि़यों को ही नकदी ढोने में इस्तेमाल किया जा सकता है। एक वैन में एक बार में पांच करोड़ रुपये से अधिक की राशि नहीं ले जायी जा सकेगी। प्रत्येक कैश वैन में एक ड्राइवर, दो सुरक्षा गार्ड और दो बैक अधिकारी अनिवार्य रूप से होंगे। ड्राइवर और सुरक्षा गार्ड की पुलिस जांच अनिवार्य रूप से कराना होगा। इसके साथ कैश वैन चलाने वाली निजी कंपनियों को ड्राइवर और गार्ड की पृष्ठभूमि का अलग से पता लगाना होगा। इसमें निवास स्थान और आधार का सत्यापन शामिल है। कैशवैन में नियुक्ति के पहले ड्राइवर और गार्ड को विशेष प्रशिक्षण देना होगा और हर दो साल पर उन्हें दोबारा प्रशिक्षित करना होगा।

कैश वैन के भीतर चार सीसीटीवी कैमरे लगाने होंगे

गृहमंत्रालय ने सभी कैश वैन के लिए जीपीएस से लैस होना अनिवार्य कर दिया है। इसके साथ ही कैश वैन के भीतर भी चार सीसीटीवी कैमरे लगाने होंगे। ताकि सभी गतिविधियों की लगातार रिकार्डिग होती है। इस रिकार्डिग को पांच दिनों तक सुरक्षित रखना होगा।

मंत्रालय ने यह भी साफ कर दिया है कि शहरी इलाकों में शाम नौ बजे, ग्रामीण इलाकों में छह बजे और नक्सल प्रभावित इलाकों में सुबह नौ बजे के पहले और शाम के चार बजे के बाद कैश वैन से नकदी नहीं ढोयी जा सकती है। 

Posted By: Bhupendra Singh