नई दिल्‍ली, एजेंसियां। दिल्‍ली एनसीआर में दिवाली पर खूब पटाखे जलाए जाने के बाद घने स्‍माग की मोटी परत छायी हुई है। इसकी वजह से कई हिस्सों में लोगों को गले में जलन और आंखों में पानी आने की दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। वहीं सांस के मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस बीच मौसम विभाग ने जानकारी दी है कि बंगाल की खाड़ी पर फिर एक कम दबाव का क्षेत्र बन रहा है जिसके उत्‍तर पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। वहीं मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि हवा की गति तेज होने के कारण अगले दो दिनों में दिल्‍ली एनसीआर से हवा में प्रदूषक तत्वों के खत्म होने की उम्मीद है। 

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (Central Pollution Control Board, CPCB) के समीर ऐप के आंकड़ों के मुताबिक शनिवार को दिल्‍ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक यानी एक्यूआई (Air Quality Index, AQI) गंभीर श्रेणी में रहा। शनिवार की सुबह यह 449 दर्ज किया गया जबकि शुक्रवार को यह 462 रहा। विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम संबंधी प्रतिकूल परिस्थितियों मंद हवा और कम तापमान के बीच पटाखे, पराली जलाने की घटनाओं से वायु गुणवत्ता गंभीर श्रेणी में पहुंच गई है।

मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया है। इससे दिल्‍ली एनसीआर की आबोहवा को स्‍माग और प्रदूषक कणों से मुक्ति मिलने की उम्‍मीद जगी है। समाचार एजेंसी पीटीआइ ने भारत मौसम विज्ञान विभाग के हवाले से अपनी रिपोर्ट में कहा है कि दिल्‍ली एनसीआर के इलाकों में आने वाले दिनों में सुबह आंशिक बादल और छाए रहेंगे और मध्यम धुंध बरकरार रहेगी। हालांकि दिन चढने के साथ ही हवा तेजी आएगी। इससे दिल्‍ली के लोगों को अपेक्षाकृत थोड़ी राहत मिलेगी।

वहीं मौसम विभाग की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक बंगाल की खाड़ी पर फि‍र एक कम दबाव का क्षेत्र बन रहा है जिसके भारत के पश्चिमी तट से पश्चिम उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। मौसम विभाग ने 06 से 10 नवंबर के दौरान देश के विभिन्‍न इलाकों में भारी वर्षा और तेज आंधियां चलने की चेतावनी दी है। मौसम विभाग की मानें तो अगले पांच दिनों तक तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की गतिवि‍धियां देखी जाएंगी।

जारी बयान में कहा गया है कि आठ नवंबर को केरल और माहे के ऊपर जबकि आठ और नौ नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यनम के विभिन्‍न इलाकों में भारी बारिश संभव है। वहीं मौसम का पूर्वानुमान जारी करने वाली निजी एजेंसी स्‍काइमेट वेदर ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि अरब सागर पर भी निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है जो जल्द गहरे निम्न दबाव में तब्‍दील हो जाएगा। इसके प्रभाव की वजह से अगले दो दिनों के दौरान कर्नाटक, केरल और महाराष्ट्र के तटवर्ती इलाकों में हल्की से मध्यम या भारी बारिश का अनुमान है।

Edited By: Krishna Bihari Singh