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महाराष्ट्र में 68 लाख 'लाडकी बहन' अकाउंट बंद, जानिए सरकार ने क्यों की कार्रवाई

Published: Thu, 02 Apr 2026 10:29 AM (IST)Updated: Thu, 02 Apr 2026 10:30 AM (IST)

महाराष्ट्र में 68 लाख 'लाडकी बहिन' खाते e-KYC पूरा न करने के कारण बंद कर दिए गए हैं। अब सक्रिय खातों की संख्या 1.75 करोड़ रह गई है।

प्रतीकात्मक फोटो।

प्रतीकात्मक फोटो।

HighLights

  1. e-KYC न करने पर 68 लाख लाडकी बहिन खाते बंद।

  2. सक्रिय खातों की संख्या घटकर 1.75 करोड़ हुई।

  3. e-KYC की अंतिम तिथि 30 अप्रैल तक बढ़ी।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। महाराष्ट्र में e-KYC नियमों का पालन नहीं करने पर 68 लाख 'लाडकी बहिन' खाते को बंद कर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि महाराष्ट्र सरकार की प्रमुख योजना 'लाडकी बहिन योजना' के तहत लगभग 68 लाख खाते बंद कर दिए गए हैं। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि लाभार्थी तय समय सीमा से पहले अनिवार्य e-KYC प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए।

सक्रिय खातों की संख्या 1.75 करोड़ रह गई

इसके बाद सक्रिय खातों की संख्या घटकर लगभग 1.75 करोड़ रह गई है। हालांकि e-KYC पूरी करने की समय सीमा को फिलहाल बढ़ाकर 30 अप्रैल कर दिया गया है। जो कि पहले 31 मार्च थी। अधिकारियों ने इस अपडेट के बाद कहा कि अगर बंद किए गए खातों का e-KYC पूरा होता है तो कुल खातों की संख्या में बदलाव आ सकता है।

शिकायतें मिलने के बाद चलाया गया अभियान

प्रक्रिया के बारे में अधिक जानकारी देते हुए एक अधिकारी ने बताया कि, कुल 2.43 करोड़ खातों में से लगभग 68 लाख खाते बंद कर दिए गए हैं, क्योंकि उन्होंने तय समय सीमा के अंदर अनिवार्य e-KYC प्रक्रिया पूरी नहीं की। राज्य सरकार की ओर से यह सत्यापन अभियान कई शिकायतें मिलने के बाद चलाई गई थी।

इस साल 26,000 हजार करोड़ रुपये का आवंटन

बता दे कि इस योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपये का भत्ता सरकार की ओर से मिलता है। इसके लिए राज्य सरकार हर महीने लगभग 3,700 करोड़ रुपये बांटती है।

सक्रिय खातों की संख्या में कमी आने से साल 2026-27 के बजट में इस योजना के लिए 26,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। जबकि 2025-26 में यह राशि 36,000 करोड़ रुपये थी। इस योजना को साल 2024 के विधानसभा चुनावों से ठीक पहले शुरू किया गया था।

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