जागरण संवाददाता, गुड़गांव। जगद्गुरु कृपालु महाराज का शुक्रवार सुबह फोर्टिस अस्पताल में निधन हो गया। उन्होंने सात बजकर पांच मिनट पर अंतिम सांस ली। देर शाम उनका पार्थिव शरीर प्रतापगढ़ (उत्तर प्रदेश) स्थित उनके मूल निवास मनगढ़ धाम में ले जाया गया। 18 नवंबर को उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। निधन की खबर सुनते ही 91 वर्षीय कृपालु महाराज के परिजनों और अनुयायियों में शोक की लहर दौड़ गई।

देखें : तस्वीरों में कृपालु जी महाराज

सोमवार को मनगढ़ आश्रम के बाथरूम में गिर जाने के कारण कृपालु महाराज के सिर में गंभीर चोट आई थी। वह गहरे कोमा में चले गए। नाजुक हालत में उन्हें इलाहाबाद से फोर्टिस अस्पताल लाया गया। मंगलवार को जगद्गुरु के सिर की सर्जरी की गई। इसके बाद भी उनके स्वास्थ्य में कोई सुधार नहीं हुआ। क्रिटिकल केयर यूनिट में डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी देखरेख में लगी रही। कृपालु महाराज के देहावसान की खबर सुन काफी संख्या में उनके भक्त अस्पताल पहुंचे। अपने गुरु की अंतिम झलक पाने को उनमें बेताबी देखी गई। वहीं, मनगढ़ धाम में भी जैसे ही कृपालु महाराज का पार्थिव शरीर पहुंचा तो हर आंख में आंसुओं की धारा तेज हो चली। अंतिम दर्शन को हजारों अनुयायियों का हुजूम उमड़ पड़ा। भक्तों की कतार टूटने का नाम नहीं ले रही थी। यह सिलसिला दो-चार घंटे नहीं, पूरी रात चला। धाम के व्यवस्थापक हिरण्यमय चटर्जी ने बताया कि कृपालु महाराज के अंतिम संस्कार स्थल को समाधिस्थल का रूप दे दिया जाएगा। कृपालु महाराज की कुल संपत्ति करीब दस हजार करोड़ रुपये तक है। भारत के अलावा अमेरिका, सिंगापुर और नेपाल में भी उनके भव्य आश्रम हैं।

मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर