विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

कर्नाटक MLC चुनाव में कांग्रेस का सूपड़ा साफ, चारों सीटों पर जीता BJP-JDS गठबंधन

Published: Wed, 28 Oct 2026 09:56 AM (IST)

कर्नाटक विधान परिषद चुनावों में कांग्रेस अपना खाता भी नहीं खोल पाई। भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) गठबंधन ने सभी चार सीटों पर जीत दर्ज की।

कर्नाटक MLC चुनाव में NDA का दबदबा (फाइल फोटो)

कर्नाटक MLC चुनाव में NDA का दबदबा (फाइल फोटो)

HighLights

  1. कांग्रेस विधान परिषद चुनावों में एक भी सीट नहीं जीत पाई।

  2. भाजपा-जेडीएस गठबंधन ने सभी चारों सीटों पर कब्जा जमाया।

  3. यह परिणाम गठबंधन की ताकत और कांग्रेस की कमजोरी दर्शाता है।

डिजिटल डेस्क, बेंगलुरु। कर्नाटक विधान परिषद चुनावों में राज्य की सत्ताधारी पार्टी कांग्रेस का सूपड़ा साफ हो गया है। MLC चुनावों में कांग्रेस अपना खाता भी नहीं खोल पाई। वहीं भारतीय जनता पार्टी और जनता दल (सेक्युलर) के गठबंधन ने चारों सीटों पर जीत दर्ज की है।

कर्नाटक में 23 अक्टूबर को चार सीट पर हुआ विधान परिषद का चुनावों NDA गठबंधन सहयोगियों BJP और JD (S) के बीच तालमेल की परीक्षा के रूप में देखा जा रहा था। लेकिन इस चुनाव के नतीजों में ये गठबंधन 100 प्रतिशत नंबर से पास हुआ है।

कर्नाटक MLC चुनाव में NDA का दबदबा

कर्नाटक एमएलसी चुनाव परिणामों से सामने आया है कि शिक्षकों और स्नातकों के बीच कांग्रेस भरोसा जीतने में कामयाब नहीं रही। वहीं NDA ने इस चुनाव में दबदबा कायम किया है।

BJP ने उत्तर-पूर्व शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र, दक्षिण-पूर्व स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और पश्चिम स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जीत हासिल की। वहीं, उसके सहयोगी दल JD(S) ने बेंगलुरु शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जीत दर्ज की।

  • उत्तर-पूर्व शिक्षक सीट पर, दोबारा चुनाव लड़ रहे BJP के MLC शशील जी. नमोशी ने कांग्रेस उम्मीदवार शरणप्पा मत्तूर को हराया। इस सीट पर बीजेपी उम्मीवार नमोशी की पांचवीं जीत थी। इस सीट के अंतर्गत कलबुर्गी आता है, जो कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का गृह क्षेत्र है।
  • दक्षिण-पूर्व स्नातक सीट पर BJP के के.एम. सुरेश ने कांग्रेस के शशि हुलिकुंटे मुट्ट की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
  • पश्चिम स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में BJP के एस.वी. संकानूर ने कांग्रेस के मोहन लिम्बिकाई को मात दी।

MLC चुनाव के नतीजों से कांग्रेस सरकार की स्थिरता पर कोई खास असर पड़ने की संभावना नहीं है, लेकिन विपक्षी गठबंधन का मजबूत प्रदर्शन उसे 2023 में सत्ता में आई कांग्रेस सरकार पर हमला करने के लिए कुछ गति जरूर देगा।

75 सदस्यों वाली विधान परिषद में कांग्रेस के 38 सदस्य हैं, BJP के 24, JD(S) के 6, एक निर्दलीय सदस्य और एक सभापति हैं। सरकार द्वारा नामित किए जाने वाले सदस्यों के लिए आरक्षित 5 सीटें अभी खाली हैं।

यह भी पढ़ें- UP MLC चुनाव में 4 सीट पर BJP की जीत, बिहार में काउंटिंग जारी; किस सीट पर किस उम्मीदवार ने मारी बाजी?