असम, एएनआइ। असम में बाढ़ की स्थिति काफी भयावह हो चुकी है। करीब एक महीने से असम के कई जिलों में लाखों लोग बाढ़ की समस्या से जूझ रहे हैं। वहीं कई लोगों की जानें भी चली गई है। असम के नलबाड़ी जिले में बाढ़ के कारण भंगनामारी पुलिस थाने की दो मंजिला इमारत का एक हिस्सा डूब गया है। ब्रह्मपुत्र नदी के तेज बहाव से थाना पूरी तरह से ढह कर पानी में डूब गया।

वीडियो में देखा जा सकता है कि इमारत ढहने से कुछ ही मिनटों में इसका एक बड़ा हिस्सा पानी में डूब गया। बताया जा रहा है, घटना के समय इमारत खाली होने के कारण किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) द्वारा जारी बुलेटिन के अनुसार, रविवार को 28 जिलों में प्रभावित लोगों की कुल संख्या घटकर 22.21 लाख हो गई, जबकि पिछले दिन यह आंकड़ा 25.10 लाख था। कोपिली, बराक और कुशियारा नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।

दो हजार से अधिक गांव बाढ़ से प्रभावित

एएसडीएमए ने एक बुलेटिन में कहा कि इस बीच, राज्य भर में 75 राजस्व मंडलों के तहत 2,542 गांव बाढ़ की मौजूदा लहर से प्रभावित हैं, जबकि 2,17,413 लोगों ने 564 राहत शिविरों में शरण ली है। बोंगाईगांव, चराईदेव, चिरांग, हैलाकांडी, मोरीगांव, सोनितपुर, दक्षिण सलमारा और उदलगुरी से भी बड़े पैमाने पर कटाव की सूचना मिली है।

अब तक कुल 117 लोगों की गई जान

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) ने शनिवार को बताया कि असम में बाढ़ की स्थिति में सुधार हुआ है, लेकिन राज्य में प्राकृतिक आपदा के कारण 28 जिलों में 33.03 लाख से अधिक लोग प्रभावित हैं। एएसडीएमए के मुताबिक, इस साल राज्य में बाढ़ और भूस्खलन में अब तक कुल 117 लोगों की जान जा चुकी है। जिनमें से अकेले बाढ़ में 100 लोगों की मौत हो गई, जबकि शेष 17 की मौत भूस्खलन के कारण हुई।

भारतीय वायु सेना ने विभिन्न बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सात प्रकार के फिक्स्ड और रोटरी-विंग विमान तैनात किए, रविवार को अधिकारियों को सूचित किया। IAF ने इन विमानों को 77 टन राहत सामग्री के परिवहन के उद्देश्य से तैनात किया था। IAF के अधिकारियों ने कहा, 'अब तक IAF ने 130 से अधिक मानवीय आश्वासन मिशनों को उड़ाया है और असम बाढ़ के लिए पिछले पांच दिनों में 700 टन भार गिराया है।' असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने रविवार को कछार जिले में जिला कलेक्टर कार्यालय में राज्य में बाढ़ की स्थिति और बचाव कार्यों की समीक्षा बैठक की थी।

Edited By: Babli Kumari