Move to Jagran APP

एग्जिट पोल से पहले हुई बैठक में सरकार पर आक्रामक दिखा विपक्ष

शीतकालीन सत्र से पहले सरकार की ओर से बुलाई सर्वदलीय बैठक खत्म हो गई है। बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री राजनाथ सिंह और विपक्ष के तमाम नेता मौजूद रहे।

By Bhupendra SinghEdited By: Published: Thu, 14 Dec 2017 04:32 AM (IST)Updated: Fri, 15 Dec 2017 07:45 AM (IST)
एग्जिट पोल से पहले हुई बैठक में सरकार पर आक्रामक दिखा विपक्ष
एग्जिट पोल से पहले हुई बैठक में सरकार पर आक्रामक दिखा विपक्ष

नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। संसद के शीतकालीन सत्र से शुरु होने से पहले ही सरकार और विपक्षी दलों में गुजरात चुनाव की तल्खी साफ दिखी। हालांकि यह बैठक एग्जिट पोल आने से पहले की थी। जिसमें कांग्रेस सहित समूचा विपक्ष सरकार के खिलाफ पूरी तरह से आक्रामक दिखा। इस दौरान विपक्ष में जहां शीतकालीन सत्र को छोटा करने को सरकार को घेरा, वहीं जीएसटी, डोकलाम और पाकिस्तान के मुद्दे पर भी सरकार के सामने अपने तीखे तेवर दिखाए।

loksabha election banner

बैठक में तीन तलाक, ओबीसी आरक्षण जैसे मुद्दों पर भी गरमागरम चर्चा हुई। संसद के शीतकालीन सत्र शुरु होने से पहले गुरुवार को सरकार की ओर से विपक्षी दलों के नेताओं की बैठक में जिन विषयों पर लंबी चर्चा हुई, उनमें सत्र को अवधि को छोटा करने का मुद्दा सबसे अहम था। कांग्रेस इस मुद्दे पर सरकार को पहले भी घेर चुकी है। बैठक में गुजरात चुनाव की भी छाया दिखी। इस दौरान पीएम मोदी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर एक-दूसरे पर बोले गए हमलें का असर भी साफ तौर पर दिखा।

कांग्रेस ने इन मुद्दों पर जहां सरकार से सफाई देने को कहा, वहीं प्रधानमंत्री मोदी ने विपक्षी दलों से संसद के ठीक तरके से चलने में सहयोग देने को कहा। बैठक में कांग्रेस सहित दूसरे विपक्षी दलों के प्रमुख नेता मौजूद थे। इस बैठक से पहले विपक्षी दलों के नेताओं ने कांग्रेस नेता गुलाम नवी आजाद के साथ एक बैठक की, जिसमें शुक्रवार से शुरु हो रहे संसद सत्र की रणनीति को लेकर चर्चा की है।

संसद को शांतिपूर्ण तरीके से चलाने को लेकर लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने भी सभी दलों ने नेताओं के साथ एक बैठक की है। जिसमें संसद सत्र के दौरान किए जाने वाले प्रमुख काम-काज को लेकर चर्चा की। स्पीकर ने सभी दलों से सहयोग मांगते हुए कहा कि पहले की तरह वह कार्रवाई को चलने में सहयोग दें। हालांकि विपक्ष के रुख को देखते हुए इस बात की उम्मीद कम ही है कि वह संसद को शांतिपूर्ण तरीके से चलने देगी। सत्र शुरु होने से पहले से ही कांग्रेस ने ऐसे संकेत दिए है।

यह भी पढें: नाटक से बच्चों ने दिखाई संसद की कार्यप्रणाली


Jagran.com अब whatsapp चैनल पर भी उपलब्ध है। आज ही फॉलो करें और पाएं महत्वपूर्ण खबरेंWhatsApp चैनल से जुड़ें
This website uses cookies or similar technologies to enhance your browsing experience and provide personalized recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.