यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 06, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
गिरीश चंद्र मुर्मू देश के नए सीएजी नियुक्त किए गए, राजीव महर्षि की लेंगे जगह
गिरीश चंद्र मुर्मू को देश के नया सीएजी नियुक्त किया गया है। इस बारे में गुरुवार को नोटिफिकेशन जारी किया गया।

नई दिल्ली, जेएनएन। केंद्र सरकार ने जीसी मुर्मू को जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल पद से त्यागपत्र देने के एक दिन बाद देश का नया नियंत्रक और महालेखा परीक्षक (कैग) नियुक्त किया है। मुर्मू राजीव महर्षि का स्थान लेंगे। इस बारे में वित्त मंत्रालय ने गुरुवार को नोटिफिकेशन जारी किया गया। गिरीश चंद्र मुर्मू शनिवार को राष्ट्रपति भवन में सीएजी के रूप में शपथ लेंगे। उन्होंने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल पद से इस्तीफा दिया था। 1978 बैच के राजस्थान कैडर के आइएएस अधिकारी महर्षि का कार्यकाल सात अगस्त को पूरा हो रहा है। महर्षि को साल 2017 में सीएजी नियुक्त किया गया था। उनका कार्यकाल तीन साल का रहा।
पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता मनोज सिन्हा को उनकी जगह जम्मू-कश्मीर का नया राज्यपाल बनाया गया है। 1985 बैच के गुजरात कैडर के आइएएस अफसर मुर्मू प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ पहले भी काम कर चुके हैं। उस समय पीएम मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि मुर्मू ने जिस समय जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल पद से त्यागपत्र दिया था, उस समय यह निश्चित नहीं था कि यह संवेदनशील जिम्मेदारी किसे सौंपी जाएगी। हालांकि, उनके त्यागपत्र के एक दिन बाद ही मनोज सिन्हा को जम्मू-कश्मीर का उपराज्यपाल बनाने का एलान कर दिया गया। इसके साथ ही मुर्मू को भी कैग के रूप में नई जिम्मेदारी दे दी गई।
Girish Chandra Murmu appointed as the Comptroller & Auditor General of India (CAG): Ministry of Finance
He had stepped down as the Lieutenant Governor of J&K yesterday. pic.twitter.com/LAFgqcEKkb
— ANI (@ANI) August 6, 2020
जीसी मुर्मू राज्य से केंद्र शासित प्रदेश बने जम्मू-कश्मीर के पहले उपराज्यपाल रहे। उन्हें 31 अक्टूबर, 2019 को नियुक्त किया गया था। उनका कार्यकाल 9 महीने का रहा। जीसी मुर्मू ने 31 अक्टूबर, 2019 को जम्मू-कश्मीर के पहले उप राज्यपाल के रूप में कार्यभार संभाला था। उन्होंने बुधवार को इस्तीफा दे दिया था।
सरकारी योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए जानेे जातेे हैं मुर्मू
60 वर्षीय गिरीश चंद्र मुर्म 1985 बैच के गुजरात कैडर के आईएएस रहे हैं। गुजरात में तत्कालीन मुख्यमंत्री मोदी के प्रधान सचिव रहते हुए राज्य सरकार की सभी प्रमुख परियोजनाओं की निगरानी का जिम्मा सौंपा गया था। मुर्म ओडिशा के आदिवासी बहुल मयूरभंज जिले के वेतनटी में पैदा हुए। उन्होंने भुवनेश्वर की उत्कल यूनिवर्सिटी से राजनीति विज्ञान में पीजी किया। मुर्मू ने बर्मिंघम विश्वविद्यालय से बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन की डिग्री हासिल की है। इसी साल एक मार्च को प्रधानमंत्री मोदी ने उन्हें वित्त मंत्रालय में विशेष सचिव (राजस्व) पद से पदोन्नत कर व्यय सचिव बनाया था। उन्हें सरकारी योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए जाना जाता है। उन्हें काफी सरल और जमीनी स्तर का आईएएस बताया जाता है।
