नई दिल्ली, जेएनएन। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) 10वीं और 12वीं कक्षा की टर्म-एक की परीक्षाओं के लिए 18 अक्टूबर को डेटशीट जारी करेगा। परीक्षाएं नवंबर-दिसंबर माह में आयोजित होनी हैं। परीक्षाएं आफलाइन माध्यम से स्कूलों में होंगी। प्रत्येक पेपर 90 मिनट का होगा और इसमें बहुविकल्पीय प्रश्नों का जवाब देना होगा। बोर्ड ने इस संबंध में गुरुवार को परिपत्र जारी कर दिया है। परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज के मुताबिक परीक्षाओं को आयोजित कराने में बोर्ड को 40 से 45 दिन का समय लगेगा। ऐसे में छात्रों की स्कूली पढ़ाई का कम से कम नुकसान हो, इसके लिए सभी विषयों को दो भागों में बांटा है। इसमें मेजर विषयों की परीक्षा तय डेटशीट के आधार पर संबंधित स्कूलों में ही होगी। माइनर विषयों के लिए सीबीएसई ऐसे स्कूलों का एक समूह बनाएगा, जहां ये विषय पढ़ाए जाते हैं और उसके आधार पर ही डेटशीट जारी होगी। बोर्ड एक दिन में दो माइनर विषयों की परीक्षा ले सकता है।

बता दें कि कोरोना महामारी और न्यू एजुकेशन पॉलिसी लागू होने के बाद केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) का एग्जाम और मूल्यांकन सिस्टम बदल दिया गया है। नई मूल्यांकन योजना के हिस्से के रूप में, सीबीएसई ने 10वीं और 12वीं कक्षा के एकेडमिक सेशन को प्रत्येक टर्म में 50 फीसद सिलेबस के साथ दो भागों में डिवाइड किया है। गौरतलब है कि सीबीएसई कक्षा 10, 12 के लिए टर्म 1 की परीक्षा अगले महीने के लिए निर्धारित है और दूसरे टर्म की परीक्षा मार्च-अप्रैल 2022 में आयोजित की जाएगी।

परीक्षाओं के मुख्य बिंदु :

-टर्म-एक में 50 फीसद पाठ्यक्रम से सवाल पूछे जाएंगे

-परीक्षा शुरू होने से आधे घंटे पहले स्कूल में पहुंचना होगा

-प्रश्न पत्र पढ़ने के लिए मिलेगा 15 मिनट का समय

-सभी प्रश्न एक-एक अंक के होंगे

-पेन से भरनी होगी ओएमआर शीट, सुधार के लिए मिलेगा अतिरिक्त गोला

-मुख्य गोले में गलती होने पर अतिरिक्त गोले में लिख सकेंगे सही उत्तर की संख्या

-टर्म-एक की प्रायोगिक परीक्षा स्कूल कराएंगे, जबकि टर्म-दो की सीबीएसई कराएगा

जानिए कैसा होगा सीबीएसई टर्म- 1 एग्जाम का पैटर्न

इस साल 10वीं और 12वीं की सीबीएसई बोर्ड की टर्म परीक्षा परीक्षा मल्टीपल च्वाइस क्वेश्चन बेस्ड होगी। इसमें ऑब्जेक्टिव टाइप सवाल पूछे जाएंगे। इस साल एग्जाम ऑफलाइन होंगे। सीबीएसई बोर्ड के टर्म एग्जाम की समय सीमा की बात करें तो परीक्षा हॉल में छात्रों को प्रश्नपत्र हल करने के लिए 90 मिनट का समय दिया जाएगा। इसके अलावा छात्रों को परीक्षाओं के बीच रिवीजन करने का काफी समय मिलेगा। बताया जा रहा है कि दो कठ‍िन विषयों के पेपर के बीच गैप ज्यादा दिया जाएगा।

अंतिम परिणाम टर्म-दो के बाद

90 मिनट की टर्म-एक की परीक्षाएं सुबह 11:30 बजे से शुरू होंगी। स्कूलों को प्रायोगिक परीक्षा, आंतरिक परीक्षा और प्रोजेक्ट कार्य भी टर्म-एक की परीक्षा खत्म होने से पहले ही पूरा करना होगा। इस परीक्षा के परिणाम में छात्रों को केवल उनके स्कोर (अंकों) का पता चलेगा। टर्म-एक के परिणाम में पास, कंपार्टमेंट या रिपीट लिखकर नहीं आएगा। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि अंतिम परिणाम टर्म-दो की परीक्षाएं होने के बाद जारी किया जाएगा।

Edited By: Sanjeev Tiwari