मुंबई (मिड डे)। बारामती विधानसभा सीट से लगातार पांच चुनाव जीतने वाले पूर्व उप मुख्यमंत्री अजित पवार के लिए परेशानी खड़ी हो सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि भाजपा और कुछ दूसरे निर्दलीय उम्मीदवारों ने 54 इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों पर सवाल उठाते से फिर से चुनाव कराने की मांग की है।

सीट से खड़े कुछ उम्मीदवारों ने दावा किया कि जब वे अपने-अपने बूथों पर वोट दे रहे थे तो ईवीएम शून्य का आंकड़ा बता रहा था। वहीं रिटर्निंग ऑफिसर इन आरोपों का खंडन किया है।

अजित पवार ने भाजपा उम्मीदवार बाला साहेब गवाडे को 89,791 मतों से हराया है। गवाडे ने आरोप लगाया है कि लोकसभा चुनाव के समय पवार ने मसलवाड़ी गांव के लोगों को धमकाया था कि अगर उन्होंने उनकी चचेरी बहन सुप्रिया सुले को वोट नहीं दिया तो पानी की सप्लाई काट दी जाएगी। उम्मीदवारों का आरोप है कि इस बार भी पवार ने ईवीएम से छेड़छाड़ कराई है।

निर्दलीय उम्मीदवार संतोष कांबले ने कहा, 'मैं कटफल और गौतम नगर में अच्छी बढ़त की उम्मीद कर रहा था, जहां मैं, मेरी पत्नी और तकरीबन 200 रिश्तेदार रहते हैं। मुझे केवल एक वोट मिला है। मैं फिर से चुनाव कराने की मांग की है।'

बहुजन समाज पार्टी के कार्यकर्ता कालूराम चौधरी ने बताया, 'लोकसभा चुनाव के समय बारामती सीट से हमें 24 हजार वोट मिले थे। इस बार हमारे उम्मीदवार को सिर्फ 3,350 वोट ही मिले। यह अविश्वसनीय है। हम फिर से चुनाव कराने और सीबीआई जांच की मांग करते हैं।' उधर, राकांपा के प्रवक्ता अंकुश ककाडे ने कहा, 'पवार परिवार और राकांपा के खिलाफ षडयंत्र के तहत यह विवाद जानबूझकर पैदा किया गया है।'

Posted By: Jagran News Network