'जंतर-मंतर जाने की कोई योजना नहीं', कार्यकर्ताओं को जुटाने के आरोपों को बजरंग दल ने बताया भ्रामक
बजरंग दल ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जंतर-मंतर पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन में अपने स्वयंसेवकों को जुटाने की खबरों का खंडन किया है।

बजरंग दल ने जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शन में शामिल होने की खबरों को बताया भ्रामक
HighLights
बजरंग दल ने जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शन में शामिल होने से इनकार किया।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन की बात नकारी।
संगठन ने स्वयंसेवकों को जुटाने के आरोपों को भ्रामक बताया।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। बजरंग दल ने इस बात से इन्कार किया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन के दौरान 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर उसके स्वयंसेवकों एकत्र करने की योजना है।
यह बयान उन आरोपों के बीच आया है जिसमें कहा गया है कि प्रदर्शनकारियों पर हिंसा करने के लिए दक्षिणपंथी समूहों को जुटाया जा रहा है।
बजरंग दल ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि वह देश में किसी भी तरह के अराजक प्रदर्शन का हमेशा विरोध करता रहा है। उसने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को निशाना बनाने की आड़ में किए जा रहे ऐसे प्रदर्शनों का भी विरोध किया।
पोस्ट में कहा गया है कि कुछ लोग बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के जंतर-मंतर आने को लेकर भ्रामक प्रचार कर रहे हैं। बजरंग दल की ऐसी कोई योजना नहीं है। यह बयान काकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के सह-संयोजक आशुतोष रांका के एक्स पर लगाए गए आरोप के बाद आया है।
रांका ने कहा था कि भाजपा में ऊंचे पद पर बैठे किसी व्यक्ति ने उन्हें बताया है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर हिंसा करने के लिए देशभर से दक्षिणपंथी चरमपंथी समूहों को जुटाया गया है। रांका ने कहा कि सीजेपी का 10 अक्टूबर का प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहेगा। (समाचार एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)
