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अरुणाचल प्रदेश में म्यांमार सीमा पर उग्रवादी हमला, असम राइफल्स का जवान बलिदान; 4 घायल

Published: Tue, 29 Sep 2026 02:53 PM (IST)Updated: Tue, 29 Sep 2026 03:45 PM (IST)

अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले में भारत-म्यांमार सीमा के पास हुए उग्रवादी हमले में असम राइफल्स का एक जवान बलिदान ...और पढ़ें

अरुणाचल प्रदेश में म्यांमार सीमा पर उग्रवादी हमले में बलिदान(फोटो: X/@official_dgar)

अरुणाचल प्रदेश में म्यांमार सीमा पर उग्रवादी हमले में बलिदान(फोटो: X/@official_dgar)

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डिजिटल डेस्क, ईटानगर। अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले में भारत-म्यांमार सीमा के पास संदिग्ध उग्रवादियों के हमले में असम राइफल्स का एक जवान बलिदान हो गया और चार अन्य घायल हो गए।

समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। यह घटना सीमावर्ती इलाके में हुई, जहां संदिग्ध हमले में असम राइफल्स के जवानों को निशाना बनाया गया था।

इस चानक हुई गोलीबारी में असम राइफल्स के 42 वर्षीय हवलदार जानखोकाई कुकी देश के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया है, जबकि उनके चार अन्य साथी गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल जवानों को तत्काल प्राथमिक मदद देने के बाद बेहतर इलाज के लिए अस्पताल रवाना किया गया।

सुब की गश्त के दौरान नाले के पास हुई गोलीबारी

यह वारदात चांगलांग जिले के नामपोंग सर्कल में नामपोंग नाले के पास सुबह लगभग साढ़े छह बजे घटी। उस समय 1 असम राइफल्स की एक टुकड़ी सीमा पर चल रहे फेंसिंग के कार्य वाले संवेदनशील इलाके में नियमित गश्त पर निकली थी।

घात लगाए बैठे हथियारबंद उग्रवादियों ने बिना किसी चेतावनी के गश्ती दल पर अचानक अंधाधुंध गोलियां बरसानी शुरू कर दीं, जिससे जवानों को संभलने का बहुत कम वक्त मिला।

एनएससीएन पर हमले का शक

शुरुआती जांच और खुफिया सूत्रों से मिले इनपुट के मुताबिक, इस कायराना हमले के पीछे नेशनल सोशलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालैंड के युंग आंग गुट के उग्रवादियों का हाथ माना जा रहा है। वारदात को अंजाम देकर हमलावर घने जंगलों की आड़ लेकर सीमा पार भागने की फिराक में हैं।

हमले की सूचना मिलते ही चांगलांग के पुलिस अधीक्षक किर्ली पाडु ने स्थानीय थाना प्रभारी को मौके पर पहुंचकर स्थिति की पूरी जानकारी जुटाने और जरूरी कानूनी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।

जंगलों में व्यापक तलाशी अभियान

हमले के फौरन बाद भारतीय सेना, अर्धसैनिक बलों और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीमों ने पूरे इलाके को सील कर दिया है। उग्रवादियों की धरपकड़ के लिए सीमा से सटे बीहड़ और घने जंगलों में बड़े स्तर पर कॉम्बिंग ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

म्यांमार से सटी इस अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सक्रिय विद्रोही गुटों की गतिविधियों के मद्देनजर समूचे पूर्वोत्तर सीमावर्ती क्षेत्र में सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है, ताकि आतंकी किसी भी सूरत में बचकर न निकल सकें।

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