बद्दी, रणेश राणा।

Dharna in Baddi, जहां पूरा देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है, वहीं बद्दी के लोग सुनवाई न होने के कारण धरने पर बैठ गए हैं। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर लोग सड़क पर टेंट लगाकर बैठ गए हैं।

नगर परिषद बद्दी स्थित वार्ड नौ की हाउसिंग बोर्ड कालोनी के लोगों का कहना है कि तीन वर्ष से कालोनी में खुले में सीवरेज बह रही है, सड़कें टूट गई हैं और पार्क की हालत खराब है। नगर परिषद बद्दी इन समस्याओं का कोई स्थायी हल नहीं कर पाई है। लोगों का कहना है कि यहां रहना मुश्किल हो गया है। न प्रशासन सुनता है और न सांसद-विधायक। उत्सवों की आड़ मे मूलभूत सुविधाओं की कमी को छुपाना कहां तक जायज है। हर घर तिरंगा लगाने की मुहिम तीन दिन तक चलाई गई, लेकिन आजादी का अनुभव नहीं हो रहा, क्योंकि कोई सुनवाई नहीं हो रही है। वार्ड में गंदगी पसरी है। वैसे तो यहां विपक्ष का पार्षद है, लेकिन भाजपा सरकार ने चार मनोनीत पार्षद भी नियुक्त किए हैं। हालांकि, हाउसिंग बोर्ड से एक भी नाम इसमें नहीं है।

कालोनी निवासी कौशल्या गोयल ने बताया कि घर के आगे पार्क है, जिसमें कई बार सांप निकल चुके हैं, जिस डर से बच्चों को पार्क में भेजना भी मुश्किल हो गया है। पार्क के अंदर गंदगी है हर तरफ घास है। वहां जाना खतरे से खाली नहीं है। स्थानीय पार्षद सुरजीत चौधरी भी लोगों के साथ धरने पर बैठे। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा समर्थित नगर परिषद भेदभाव से कार्य कर रही है। नगर परिषद के ईओ रणवीर सिंह ने बताया कि सीवरेज को ठीक करना जलशक्ति विभाग का काम है। जो दूसरी समस्याएं हैं, उस पर समय-समय पर काम किया जाता है।

-अगर विधायक, अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, पार्षद ने हाउसिंग बोर्ड कालोनी की समस्याओं पर थोड़ा सा भी काम किया होता तो आज लोग नर्क की जिंदगी जीने को मजबूर न होते।

-सुरेश शर्मा, अध्यक्ष, हाउसिंग बोर्ड वेलफेयर एसोसिएशन फेज तीन बद्दी।

Edited By: Virender Kumar