यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 17, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Patra Chawl Scam: इडी ने संजय राउत की जमानत याचिका का किया विरोध, कहा- घोटाले में पर्दे के पीछे रहकर निभाई अहम जिम्मेदारी
Patra Chawl Scam प्रवर्तन निदेशालय (इडी) ने पात्रा चाल जमीन घोटाले में गिरफ्तार शिवसेना के नेता एवं सांसद संजय राउत ...और पढ़ें

मुंबई, एजेंसी। प्रवर्तन निदेशालय (इडी) ने पात्रा चाल (Patra Chawl Scam) पुनर्विकास परियोजना में कथित अनियमितताओं से जुड़े धनशोधन मामले में गिरफ्तार शिवसेना के नेता एवं सांसद संजय राउत (Sanjay Raut) की जमानत याचिका (Bail application) का यह कहते हुए विरोध किया है कि इस केस से संबंधित मनी लाड्रिंग मामले में उनकी अहम भूमिका रही है और उन्होंने ये सारा कुछ पर्दे के पीछे रहकर किया है।
मालूम हो कि संजय राउत ने धनशोधन रोकथाम कानून (पीएमएलएल) संबंधी मामलों की सुनवाई कर रही विशेष अदालत में जमानत के लिए अर्जी दाखिल की थी, जिस पर ईडी ने अपना जवाब दाखिल कराया है।

इडी ने शुक्रवार को PMLA कोर्ट में जवाब दाखिल कराते हुए संजय राउत की जमानत अर्जी का विरोध किया और कहा है कि राउत पर मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है, ईडी के पास पर्याप्त सबूत भी है।
इडी ने अपने जवाब में इस बात का भी जिक्र किया कि उसने 15 सितंबर को संजय राउत के खिलाफ एक पूरक अभियोजन शिकायत दर्ज कराई थी।
इडी के जवाब में यह भी कहा गया कि राउत के खिलाफ अभियोजन की पहली शिकायत 1 अप्रैल, 2022 को दर्ज की गई थी।

प्रवर्तन निदेशालय ने संजय राउत की जमानत याचिका का विरोध करते हुए संजय राउत पर कई आरोप लगाए हैं। प्रवर्तन निदेशालय ने कहा है, 15 सितंबर, 2022 को दायर पूरक चार्जशीट में राउत के प्रॉक्सी और करीबी सहयोगी प्रवीण राउत (सह-आरोपी) के जरिए अपराध में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में विस्तार से बताया गया है।
धन के लेन-देन से बचने के लिए वह (संजय राउत) पर्दे के पीछे से काम कर रहे हैं और प्रवीण राउत फ्रंटमैन बने हुए हैं। हालांकि संजय राउत ने उन पर लगाए गए इन सभी आरोपों का खंडन करते हुए कहा है कि यह उनके खिलाफ लिया जा रहा राजनीतिक प्रतिशोध है।
