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एथेनॉल प्लांट की आड़ में सरकारी चावल का खेल! बालाघाट में तीन आरोपितों के खिलाफ 2000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल

Published: Sat, 19 Sep 2026 09:59 PM (IST)

मध्य प्रदेश के बालाघाट में एथेनॉल प्लांट की आड़ में हुए करोड़ों के चावल घोटाले में एसआईटी ने बड़ी कार्रवाई ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।

-प्रतीकात्मक चित्र।

HighLights

  1. बालाघाट चावल घोटाले में एसआईटी ने 2000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की।

  2. एथेनॉल प्लांट से जुड़े तीन आरोपितों पर सरकारी चावल हेराफेरी का आरोप।

  3. राइस मिल संचालकों, ट्रांसपोर्टर की मिलीभगत से फर्जी बिलिंग का खुलासा।

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। मध्य प्रदेश के बालाघाट में एथेनॉल प्लांट के नाम पर हुए करोड़ों रुपये के चावल घोटाले की जांच में एसआईटी ने बड़ा कदम उठाया है। शनिवार को वारासिवनी न्यायालय में तीन आरोपितों के खिलाफ करीब 2000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की गई। जांच में सरकारी चावल की हेराफेरी के लिए एथेनॉल प्लांट से जुड़े कर्मचारियों, ट्रांसपोर्टर और राइस मिल संचालकों के बीच कथित सांठगांठ सामने आने की बात कही गई है।

राइस मिल संचालकों से मिलीभगत का आरोप

एसआईटी की चार्जशीट के अनुसार एवीजे एथेनॉल प्लांट के प्रतिनिधि राहुल प्रताप, सुपरवाइजर राकेश श्रीवास्तव और ट्रांसपोर्टर उबेद खान ने राइस मिल संचालकों के साथ मिलकर कथित तौर पर सरकारी चावल की हेराफेरी की साजिश रची।

जांच एजेंसी के मुताबिक, इस पूरे मामले में अलग-अलग आरोपितों की भूमिका भी सामने आई है। चार्जशीट में दावा किया गया है कि राहुल प्रताप और राकेश श्रीवास्तव कथित रूप से कमीशन के लालच में इस हेराफेरी में शामिल हुए, जबकि ट्रांसपोर्टर उबेद खान पर फर्जी बिल के जरिए अवैध कमाई करने की नीयत से सहयोग करने का आरोप है।

करीब दो हजार पन्नों में जांच का ब्यौरा

एसआईटी ने चार्जशीट में सरकारी चावल की आवाजाही, राइस मिल संचालकों से कथित मिलीभगत और फर्जी बिलिंग से जुड़े तथ्यों को जांच का हिस्सा बनाया है। करीब 2000 पन्नों की चार्जशीट में आरोपितों की भूमिका और मामले से जुड़े दस्तावेजों का उल्लेख किया गया है।

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अब वारासिवनी न्यायालय में इस चार्जशीट के आधार पर आगे की न्यायिक प्रक्रिया चलेगी। मामले में जांच के दौरान सामने आए अन्य पहलुओं और संबंधित लोगों की भूमिका पर भी कार्रवाई की स्थिति अदालत की प्रक्रिया के साथ स्पष्ट होगी।

गौरतलब है कि इस बहुचर्चित मामले में अब तक 19 आरोपितों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें से आठ आरोपितों को जमानत मिल चुकी है।