उज्जैन में शाही मस्जिद के दो गुंबद और मीनार का ऊपरी हिस्सा हटाया, तीसरे दिन भी जारी रही कार्रवाई; 9 आरोपितों को भेजा जेल
उज्जैन में सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत मार्ग चौड़ीकरण के लिए शाही मस्जिद के दो गुंबद और मीनार का ऊपरी ...और पढ़ें

शाही मस्जिद का बाधक हिस्सा हटाया जा रहा।
HighLights
शाही मस्जिद के दो गुंबद और मीनार का ऊपरी हिस्सा हटाया गया।
सिंहस्थ-2028 की तैयारियों हेतु मार्ग चौड़ीकरण की कार्रवाई जारी।
पथराव मामले में 9 आरोपी न्यायिक हिरासत में, सुरक्षा कड़ी।
डिजिटल डेस्क, उज्जैन। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत कोयला फाटक से गोपाल मंदिर तक मार्ग चौड़ीकरण के लिए शाही मस्जिद के बाधक हिस्से को हटाने की कार्रवाई बुधवार को लगातार तीसरे दिन भी जारी रही। मस्जिद के अग्रिम हिस्से में बने दो गुंबद और मीनार के ऊपरी हिस्से को चरणबद्ध तरीके से हटाया गया। संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने मौके पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए हैं।
एक बड़े मचान के सहारे कारीगर और मजदूर सुरक्षा उपकरणों के साथ ऊंचाई पर काम कर रहे हैं। गुंबद और मीनार की संरचना को सावधानीपूर्वक छोटे हिस्सों में हटाया जा रहा है, ताकि आसपास के क्षेत्र में किसी तरह का खतरा न हो। प्रशासन की निगरानी में चल रही यह कार्रवाई आपसी सहमति से हुए समझौते के तहत मस्जिद प्रबंध कमेटी अपने मजदूरों के माध्यम से करा रही है।
15 मीटर चौड़ा हो रहा मार्ग
मास्टर प्लान-2035 के तहत सिंहस्थ-2028 और सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नगर निगम कोयला फाटक से कंठाल चौराहा, छत्री चौक होते हुए गोपाल मंदिर तक सड़क को 15 मीटर चौड़ा कर रहा है। परियोजना पर करीब 16 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।
मार्ग चौड़ीकरण की जद में आए अब तक 272 मकान-दुकानों और 12 धार्मिक स्थलों के प्रभावित हिस्से हटाए जा चुके हैं। इनमें खड़े हनुमान मंदिर, संकट मोचन हनुमान मंदिर और टकसाली गणेश मंदिर के प्रभावित हिस्से भी शामिल हैं।
शाही मस्जिद के करीब 10 फीट बाधक हिस्से को हटाने की कार्रवाई सोमवार से शुरू हुई थी। प्रशासन के अनुसार, संवेदनशीलता को देखते हुए लगातार निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी गई है।
500 मीटर के दायरे में बैरिकेडिंग, आवाजाही प्रतिबंधित
स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए मस्जिद के आसपास करीब 500 मीटर के क्षेत्र में बैरिकेडिंग की गई है और आम लोगों की आवाजाही प्रतिबंधित है। मीडिया को भी कार्रवाई वाले क्षेत्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है। पुलिस-प्रशासन और शहरकाजी लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने तथा शांति बनाए रखने की अपील कर रहे हैं।
मार्ग चौड़ीकरण को लेकर हाई कोर्ट भी सिंहस्थ के मद्देनजर इसे आवश्यक बता चुका है।
खड़े हनुमानजी को भव्य रूप से विस्थापित करने की तैयारी
मार्ग चौड़ीकरण की जद में आए खड़े हनुमान मंदिर को चार सितंबर को हटाया गया था, हालांकि हनुमानजी की मूर्ति अभी वहीं विराजित है। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, खड़े हनुमान की प्रतिमा को किसी उपयुक्त स्थान पर भव्य रूप से विस्थापित करने की योजना पर विचार चल रहा है।
स्थान को लेकर विभिन्न पक्षों के साथ चर्चा अंतिम दौर में बताई जा रही है। हालांकि, अधिकारियों की ओर से इस संबंध में अभी औपचारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
9 आरोपित जेल भेजे गए
शाही मस्जिद का बाधक हिस्सा हटाने की कार्रवाई के दौरान सोमवार को पुलिस पर पथराव और उपद्रव के मामले में गिरफ्तार नौ आरोपितों को बुधवार को न्यायालय में पेश किया गया। कोर्ट ने सभी को 12 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
पुलिस के अनुसार, मामले में अरशद नामक एक आरोपित अभी फरार है। उसकी तलाश के साथ ही पथराव में शामिल अन्य लोगों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। इस मामले में चार अन्य आरोपितों को मंगलवार को ही जेल भेजा जा चुका है।
