शाजापुर के सरकारी स्कूल में शिक्षिका की जगह बच्चों को पढ़ा रहा था पति, प्रधानाध्यापक समेत दो निलंबित
शाजापुर के मुल्लाखेड़ी स्थित सरकारी स्कूल में शिक्षिका यास्मीन सुल्ताना की जगह उनके पति के बच्चों को पढ़ाने का मामला ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।
HighLights
शिक्षिका की जगह पति ने सरकारी स्कूल में पढ़ाया।
विभागीय जांच में आरोप सही पाए गए, पुष्टि हुई।
शिक्षिका और प्रधानाध्यापक को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया।
डिजिटल डेस्क, इंदौर। प्रदेश के शाजापुर जिले के मुल्लाखेड़ी में स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय में शिक्षिका की जगह उसके पति के बच्चों को पढ़ाने का मामला सामने आया है। शिकायत की विभागीय जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने सहायक शिक्षक यास्मीन सुल्ताना और प्रधानाध्यापक फरकुंदा बी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
शिक्षा विभाग की जांच में सहायक शिक्षक यास्मीन सुल्ताना पर अपनी जगह पति से लगातार शिक्षण कार्य कराने के आरोप सही पाए गए। वहीं, प्रधानाध्यापक फरकुंदा बी पर विद्यालय में बाहरी व्यक्ति से पढ़ाई कराने के साथ अन्य अनियमितताओं के आरोपों की भी पुष्टि हुई है।
मांगा गया था जवाब
मामला सामने आने के बाद जिला शिक्षा केंद्र ने 11 सितंबर को संबंधित शिक्षक से जवाब तलब किया था। जांच के दौरान सहायक शिक्षक यास्मीन सुल्ताना से मिले जवाब को विभाग ने संतोषजनक नहीं माना। इसके बाद मामले की विस्तृत जांच विकासखंड स्रोत समन्वयक, जनपद केंद्र शाजापुर को सौंपी गई।
रिपोर्ट में आरोपों की पुष्टि
जांच अधिकारी ने 22 सितंबर को अपनी रिपोर्ट विभाग को सौंपी। इसमें दोनों शिक्षकों के खिलाफ लगाए गए आरोप सही पाए गए। शिक्षा विभाग के अनुसार, दोनों का कृत्य मध्य प्रदेश सिविल सेवा आचरण नियमों के प्रावधानों के विपरीत पाया गया। इसके आधार पर दोनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
निलंबन अवधि के दौरान सहायक शिक्षक यास्मीन सुल्ताना और प्रधानाध्यापक फरकुंदा बी का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, शाजापुर निर्धारित किया गया है।
