देवास में पहली बार मां चामुंडा और तुलजा भवानी की पालकी को दिया जाएगा गार्ड ऑफ ऑनर, सयाजी द्वार पर होगा विशेष आयोजन
देवास में इस बार नवरात्र के समापन पर एक नई परंपरा शुरू होगी, जहां मां चामुंडा और मां तुलजा भवानी ...और पढ़ें

चामुंडा माता एवं मां तुलजा भवानी। (फाइल फोटो)
HighLights
देवास में मां चामुंडा-तुलजा भवानी पालकी को पहली बार गार्ड ऑफ ऑनर।
सयाजी द्वार पर होगा यह ऐतिहासिक सम्मान, शहर में उत्साह।
विधायक गायत्रीराजे पवार के प्रस्ताव पर प्रशासन ने दी सहमति।
डिजिटल डेस्क, देवास। चामुंडा माता और मां तुलजा भवानी की आस्था से पहचाने जाने वाले देवास में इस बार नवरात्र का समापन एक नई परंपरा का गवाह बनेगा। माता टेकरी से निकलने वाली मां चामुंडा और मां तुलजा भवानी की पालकी को पहली बार सयाजी द्वार पर प्रशासन की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाएगा। माता मूर्ति विसर्जन चल समारोह के दौरान होने वाले इस विशेष सम्मान को लेकर शहरवासियों में उत्साह है।
यह निर्णय सोमवार को नगर निगम सभागार में नवरात्र की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में लिया गया। बैठक में विधायक गायत्रीराजे पवार, महापौर दुर्गेश अग्रवाल, कलेक्टर ऋतुराज सिंह, कमिश्नर दलीप कुमार, सभापति रवि जैन समेत पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे।
माता टेकरी से है देवास की धार्मिक पहचान
बैठक में विधायक गायत्रीराजे पवार ने कहा कि मां चामुंडा और मां तुलजा भवानी देवास की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान हैं। दोनों देवियों के आशीर्वाद से शहर निरंतर विकास कर रहा है। इसी आस्था को सम्मान देने के उद्देश्य से उन्होंने विसर्जन चल समारोह के दौरान दोनों देवियों की पालकी को गार्ड ऑफ ऑनर देने का प्रस्ताव रखा।
विधायक की पहल का बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने स्वागत किया। कलेक्टर ऋतुराज सिंह ने प्रस्ताव पर सहमति देते हुए इसे अमल में लाने की बात कही।
उज्जैन की तर्ज पर देवास में भी होगा विशेष सम्मान
विधायक गायत्रीराजे पवार ने कहा कि उज्जैन में बाबा महाकाल की सवारी को गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाता है। इसी से प्रेरित होकर उनके मन में विचार आया कि देवास में भी माता टेकरी से निकलने वाली देवियों की पालकी को ऐसा सम्मान मिलना चाहिए।
उन्होंने कहा कि देवास की पहचान माता टेकरी से है और यहां की धार्मिक परंपराओं को सम्मान देना जरूरी है। इसी उद्देश्य से यह सुझाव रखा गया, जिस पर प्रशासन ने सहमति जताई है।
श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा पर रहेगा जोर
बैठक में विधायक ने नवरात्र के दौरान माता टेकरी पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधाओं को प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्किंग के नाम पर किसी भी श्रद्धालु के साथ दुर्व्यवहार नहीं होना चाहिए। साथ ही श्रद्धालुओं से पॉलीथिन और डिस्पोजेबल सामग्री का उपयोग न करने तथा कचरा डस्टबिन में डालने की अपील की।
यह भी पढ़ें- इंदौर में बेकाबू 'पीएम ई-बस' ने चार राहगीरों को रौंदा, एक की मौत; उग्र भीड़ ने किया पथराव
परिक्रमा मार्ग के मंदिरों के ताले खुले रखने के निर्देश
बैठक में माता टेकरी के परिक्रमा मार्ग पर स्थित हनुमानजी, कालिका माता, खो-खो माता समेत अन्य मंदिरों को लेकर भी चर्चा हुई। विधायक ने कहा कि नवरात्र के दौरान इन मंदिरों पर ताले लगा दिए जाते हैं, जिससे श्रद्धालुओं को परेशानी होती है और उनमें नाराजगी रहती है।
इस बार नवरात्र महोत्सव के दौरान इन मंदिरों को खुला रखने की बात उठाई गई। प्रशासनिक अधिकारियों ने इस पर विशेष ध्यान देने का आश्वासन दिया।
