ग्वालियर में 17 बांग्लादेशियों के फर्जी पासपोर्ट बनवाने वाला छत्तीसगढ़ के बौद्ध मठ से गिरफ्तार; 20 हजार का था इनाम
एसटीएफ ने फर्जी पासपोर्ट बनवाने में मदद करने वाले भंते गुलाब राय गौतम उर्फ सम्यक बोधि को छत्तीसगढ़ से गिरफ्तार ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।
HighLights
फर्जी पासपोर्ट मामले में भंते गुलाब राय गौतम गिरफ्तार।
17 बांग्लादेशी नागरिकों के पासपोर्ट बनवाने में मदद की।
छह बांग्लादेशी नागरिकों के फर्जी पासपोर्ट में बना गवाह।
डिजिटल डेस्क, ग्वालियर। फर्जी दस्तावेजों के जरिये बांग्लादेशी नागरिकों के पासपोर्ट बनवाने में मदद करने वाला भंते गुलाब राय गौतम उर्फ सम्यक बोधि को एसटीएफ ने छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में स्थित बौद्ध मठ से गिरफ्तार कर लिया। पासपोर्ट कांड के सरगना रियाल चौधरी की गिरफ्तारी के बाद से वह फरार था, एसटीएफ ने उस पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
पूछताछ में आरोपित ने छह बांग्लादेशी नागरिकों के पासपोर्ट में गवाह बनने की बात स्वीकार की। ये सभी पासपोर्ट डबरा स्थित बौद्ध विहार के पते पर बनवाए गए थे।
17 बांग्लादेशी नागरिकों के पासपोर्ट बनवाने में मदद का आरोप
ग्वालियर के जनकगंज थाना क्षेत्र के लक्ष्मीगंज निवासी गुलाब राय डबरा के बौद्ध मठ में रहता था। वह ग्वालियर से झांसी, बिलासपुर होते हुए छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ पहुंचा। उसने रियाल चौधरी को भी वहां ठहराया और 17 बांग्लादेशी नागरिकों के पासपोर्ट बनवाने में मदद की। इनमें से छह में खुद और शेष तीन मामलों में भंते गयाप्रसाद गौतम को गवाह बनवाया था। गयाप्रसाद गौतम उर्फ ज्ञानज्योति को एसटीएफ पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
पुलिस सत्यापन में भी गड़बड़ी की आशंका
गुलाब राय को कोर्ट में पेश कर चार दिन की रिमांड पर लिया गया है। एसटीएफ के अनुसार, गुलाब राय पुलिस सत्यापन के दौरान न सिर्फ गवाह बना बल्कि बांग्लादेशी नागरिकों के जाली दस्तावेज बनवाने में भी मदद की थी। उसने म्यांमार और थाईलैंड की यात्रा भी की थी। एक बांग्लादेशी नागरिक के दो पासपोर्ट बने हैं, दोनों में गुलाब राय गवाह है। जांच में सामने आया कि उसके कहने पर पुलिसकर्मी भूपेंद्र गुर्जर सत्यापन के दौरान संबंधित व्यक्ति से मिलता तक नहीं था।
बैतूल के बौद्ध मठ में हुई थी रियाल से मुलाकात
गुलाब राय स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की विदिशा शाखा में खाता खुलवाया था, जिसका संचालन रियाल चौधरी करता था। इसी खाते से लेनदेन होता था। रियाल की गिरफ्तारी की खबर मिलने पर भंते विदिशा पुलिस के पास शिकायत लेकर पहुंचा और कहा कि रियाल ने उसके खाते से रुपये निकाल लिए। बताया गया है कि उसे प्रति ट्रांजेक्शन करीब पांच प्रतिशत कमीशन मिलता था।
बता दें कि गुलाब राय गौतम ने 2011 में बौद्ध धर्म अपनाया था। इसके बाद वह देशभर के बौद्ध मठों में घूमता रहा। रियाल से उसकी पहली मुलाकात बैतूल के आमला स्थित बौद्ध मठ में हुई थी। बाद में दोनों झांसी के बौद्ध मठ में साथ रहे।
पासपोर्ट कांड में भंते गुलाब राय गौतम उर्फ सम्यक बोधि पकड़ा गया है। उसने छह पासपोर्ट बनवाए थे और उनमें गवाह बना था। जाली दस्तावेज बनवाने में भी उसकी भूमिका रही है। जांच की जा रही है।
-राजेश सिंह भदौरिया, एसपी, एसटीएफ
