सागर जहरीली शराबकांड के बाद बड़ा एक्शन, 82 पुलिसकर्मी लाइन अटैच; बंडा थाने का लगभग पूरा स्टाफ बदला
सागर के बंडा में हुए जहरीली शराबकांड के करीब 15 दिन बाद पुलिस विभाग ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।
HighLights
बंडा जहरीली शराबकांड के बाद पुलिस विभाग का बड़ा एक्शन।
बंडा थाना और चौकियों के 82 पुलिसकर्मी लाइन अटैच।
अवैध शराब कारोबार पर कार्रवाई न होने पर सवाल उठे।
डिजिटल डेस्क, सागर। सागर जिले के बंडा में हुए जहरीली शराबकांड के करीब 15 दिन बाद पुलिस विभाग ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। एसपी अनुराग सुजानिया ने बंडा थाना और उससे जुड़ी चौकियों में तैनात 82 पुलिस अधिकारियों-कर्मचारियों को लाइन अटैच कर दिया है। कार्रवाई की जद में एसआई से लेकर हेड कांस्टेबल, आरक्षक और अन्य पुलिसकर्मी शामिल हैं।
इस बड़े फेरबदल के बाद बंडा थाना और उससे संबद्ध चौकियों की पुलिसिंग का चेहरा लगभग पूरी तरह बदल गया है।
बंडा, गूगरा और बरा चौकी का स्टाफ बदला
कार्रवाई के तहत बंडा थाना, गूगरा चौकी और बरा चौकी में तैनात 39 पुलिसकर्मियों को रक्षित केंद्र भेजा गया है। वहीं, पुलिस लाइन में तैनात अन्य पुलिसकर्मियों को इन थानों और चौकियों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं।
इसके चलते बंडा क्षेत्र में तैनात पुलिस बल में व्यापक बदलाव हुआ है। बंडा थाना प्रभारी राजेंद्र कुशवाहा और गूगरा चौकी प्रभारी पूरनलाल लड़िया को इससे पहले ही हटाया जा चुका था। वहीं, एसडीओपी प्रदीप वाल्मीकि को पुलिस मुख्यालय स्तर से हटाया गया था।
जहरीली शराबकांड के बाद पुलिसिंग पर उठे थे सवाल
बताया जा रहा है कि बंडा क्षेत्र में लंबे समय से अवैध शराब के कारोबार की शिकायतें सामने आती रही थीं। इसके बावजूद अवैध शराब की बिक्री और परिवहन पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होने को विभाग ने गंभीरता से लिया है।
जहरीली शराबकांड के बाद हुई विभागीय समीक्षा में क्षेत्र की पुलिसिंग, निगरानी और अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई को लेकर सवाल उठे। इसके बाद एसपी ने बंडा थाना और उससे जुड़ी चौकियों के पुलिस बल में व्यापक फेरबदल का निर्णय लिया।
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नई टीम के साथ व्यवस्था सुधारने की कोशिश
82 पुलिसकर्मियों को लाइन अटैच करने के साथ ही थाने और चौकियों में नया स्टाफ तैनात किया गया है। विभाग का फोकस अब क्षेत्र में निगरानी व्यवस्था मजबूत करने और अवैध शराब सहित गैरकानूनी गतिविधियों पर प्रभावी कार्रवाई करने पर है। जहरीली शराबकांड के बाद हुए इस बड़े फेरबदल को बंडा क्षेत्र की पुलिसिंग में व्यापक बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।
