MP के पूर्वी हिस्से में मेघ मेहरबान, सतना-छतरपुर समेत 15 जिलों में भारी वर्षा का अलर्ट; प्रदेश में अब तक सामान्य से 7% कम बारिश
मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बीच पूर्वी हिस्से में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है। सतना, छतरपुर ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।
HighLights
पूर्वी मध्य प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट जारी।
सतना, छतरपुर समेत 15 जिलों में भारी वर्षा की संभावना।
प्रदेश में अब तक सामान्य से 7% कम बारिश दर्ज।
डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बीच बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने गुरुवार, 24 सितंबर को प्रदेश के पूर्वी हिस्से में वर्षा की गतिविधियां बढ़ने का पूर्वानुमान जताया है। अगले 24 घंटों के दौरान अनूपपुर, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट और पांढुर्णा समेत कई जिलों में अधिकांश स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।
इन इलाकों में भारी वर्षा की संभावना
मौसम विभाग ने गुरुवार को सिंगरौली, सतना, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडौरी, कटनी, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, छतरपुर, मैहर और पांढुर्णा में कहीं-कहीं भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में 64.5 से 115.5 मिमी तक बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी भी दी गई है।
पूर्वी मध्य प्रदेश में बढ़ेगी बारिश की गतिविधि
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में पूर्वी मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश का प्रभाव अधिक रहेगा। नर्मदापुरम, बैतूल, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, शहडोल, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, पन्ना, दमोह, छतरपुर और मैहर में अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है।
अनूपपुर, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट और पांढुर्णा में अधिकांश स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है। वहीं, रायसेन, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, दतिया, भिंड, सागर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में कुछ स्थानों पर वर्षा होने की संभावना है।
भोपाल-इंदौर समेत इन जिलों में गरज-चमक का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार गुरुवार को राजधानी भोपाल, विदिशा, सीहोर, राजगढ़, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर मालवा, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना और श्योपुर में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
इन जिलों में भी 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने की आशंका है।
मऊगंज में सबसे ज्यादा 19 मिमी बारिश
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश दर्ज की गई। गुरुवार सुबह 8:30 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार, रीवा संभाग के जिलों में अधिकांश स्थानों पर, जबकि नर्मदापुरम, शहडोल और सागर संभागों में अनेक स्थानों पर वर्षा हुई। भोपाल और जबलपुर संभागों में कुछ स्थानों पर तथा इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और चंबल संभागों में कहीं-कहीं बारिश दर्ज की गई।
मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले 24 घंटों के दौरान गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे तक मऊगंज में 19 मिमी, खरगोन में 18.4, पचमढ़ी में 16, चंदेरी, बालाघाट व सिवनी मालवा में 10, अनूपपुर व रीवा में 9.6 और खंडवा व मैहर में 8-8 मिमी पानी गिरा।
मानसून की विदाई के बीच सक्रिय मौसम प्रणालियां
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा गुरदासपुर, चंडीगढ़, मुजफ्फरनगर, अलीगढ़, धौलपुर, उदयपुर, डीसा और नलिया से होकर गुजर रही है।
वहीं, उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश और उससे लगे दक्षिणी ओडिशा के ऊपर बना गहरा अवदाब उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है। इसके गुरुवार शाम तक कमजोर होकर अवदाब में बदलने की संभावना है। इसके बाद भी इसके कमजोर होने का क्रम जारी रह सकता है। मध्य क्षोभमंडल में पश्चिमी विक्षोभ से जुड़ी द्रोणिका भी सक्रिय है।
इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है।
सामान्य से 7 प्रतिशत कम पानी गिरा
मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के मुताबिक प्रदेश में 1 जून से 24 सितंबर 2026 तक दीर्घावधि औसत की तुलना में कुल 7 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश का आंकड़ा सामान्य से 2 प्रतिशत कम, जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में 11 प्रतिशत कम है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले 24 घंटों में पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
