गुना, जेएनएन। मध्‍य प्रदेश के गुना जिले के आरोन क्षेत्र में काले हिरण को मार रहे कुछ शिकारियों की पुलिस से मुठभेड़ हो गयी। मिली जानकारी के अनुसार इस मुठभेड़ में तीन पुलिसकर्मियों की मौत हो गई है। ये घटना शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात तीन से चार बजे के बीच की बताई जा रही है। इस घटना में एक शख्स के घायल होने की भी सूचना मिली है, जिसे अस्पताल में भर्ती करवा दिया गया है। इस घटना के बाद हत्‍यारे वहां से फरार हो गए, मौके से चार हिरण और मोर के शव बरामद किए गए हैं। ताजा मिली जानकारी के अनुसार इस

बैठक में लिया अहम निर्णय:  एक-एक करोड़ की आर्थिक सहायता

मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की ओर से बुलाई गई उच्च स्तरीय बैठक में सरकार की ओर से शिकारियों की गोली का शिकार हुए बलिदानी पुलिसकर्मियों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने का निर्णय लिया गया है। गुना में बीती रात हुई इस घटना पर राज्‍य के मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उच्च स्तरीय बैठक बुलाई, इस बैठक में गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा जी, सीएस, एडीजी, पीएस होम, पीएस गृह, पीएस मुख्यमंत्री सहित पुलिस के बड़े अधिकारी भी शामिल हुए। बैठक में डीजीपी और गुना प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी वर्चुअली शामिल हुए। बता दें कि घटना की सूचना मिलते ही गुना के एसपी राजीव मिश्रा मौके पर पहुंचे गए थे। घटनास्‍थल पर पुलिस शिकारियों की तलाश कर रही है। इस हमले में जान गंवाने वाले पुलिसकर्मियों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि गुना में शिकारियों की गोलीबारी में पुलिस के तीन बहादुर अधिकारियों ने बलिदान दे दिया, इन हत्‍यारों को बख्‍शा नहीं जाएगा इन पर सख्‍त से सख्‍त कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान खुद इसकी निगरानी कर रहे हैं। इस संबंध में गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने भी डीजीपी से चर्चा की है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उपनिरीक्षक राजकुमार जाटव, आरक्षक नीरज भार्गव और आरक्षक संतराम की मौत हो गयी है। बताया जा रहा है कि बदमाश काले हिरण को उठा ले जा रहे थे। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम चिन्हित स्थान पर पहुंची और हथियारबंद शिकारियों को रोकने का प्रयास किया तो उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी।

Edited By: Babita Kashyap