सोशल मीडिया पर सस्ते ब्रांडेड कपड़ों के लालच में लुट न जाएं! 'थ्रिफ्ट शॉपिंग' से पहले जान लें ये जरूरी बातें
सोशल मीडिया पर थ्रिफ्ट शॉपिंग का क्रेज युवाओं में बढ़ रहा है, जहां कम दाम में ब्रांडेड कपड़े मिलते हैं।

युवाओं में बढ़ा थ्रिफ्टिंग का क्रेज (AI Generated Image)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। आज के दौर में युवा फैशन के साथ-साथ पर्यावरण को लेकर भी काफी जागरूक हैं। इसलिए युवाओं के बीच थ्रिफ्ट शॉपिंग का क्रेज काफी बढ़ रहा है। युवाओं के शॉपिंग के इस तरीके को देखकर सोशल मीडिया, जैसे इंस्टाग्राम आदि पर थ्रिफ्ट स्टोर्स भी काफी बढ़ गए हैं।
थ्रिफ्टिंग में कम इस्तेमाल किए गए, विंटेज या एक्सेस स्टॉक कपड़ों को काफी कम कीमत में खरीदा जाता है। सोशल मीडिया पर आज आपको कई ऐसे स्टोर्स मिल जाएंगे, तो बहुत कम दामों पर बड़े-बड़े ब्रांड के कपड़े थ्रिफ्ट करते हैं।
हालांकि, इन स्टोर्स से कपड़े थ्रिफ्ट करते समय कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए, वरना आप स्कैम का शिकार हो सकते हैं। आइए जानें सोशल मीडिया पर थ्रिफ्ट शॉपिंग करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
पेज के रिव्यूज चेक करें
सोशल मीडिया पर कोई भी नया पेज देखकर तुरंत ऑर्डर न दें। सबसे पहले उसकी प्रोफाइल चेक करें कि ये एक असली थ्रिफ्ट पेज है भी या नहीं। इसके बाद कस्टमर रिव्यूज देखें और फीड बैक जैसे हाइलाइट्स जरूर चेक करें। इसके बाद उस पेज के पोस्ट चेक करें और उसके कमेंट्स पढ़ें कि दूसरे ग्राहकों ने उसके बारे में क्या कहा है। जिन पेजों के कमेंट्स बंद हो या कोई हाइलाइट्स न हों, तो वहां से ऑर्डर न करें।
कपड़े का नाप और कंडिशन समझें
थ्रिफ्ट स्टोर्स पर बिकने वाले ज्यादातर कपड़े सिंगल पीस होते हैं। इसलिए वहां रिटर्न या एक्सचेंज करना काफी मुश्किल हो जाता है। इसलिए कपड़े खरीदने से पहले साइज और कंडिशन को समझना जरूरी है। सेलर से कपड़ों का सही माप मांगे और चेक करें कि ये आपको फिट आएंगे भी या नहीं।
थ्रिफ्ट किए गए कपड़े पहले इस्तेमाल किए गए होते हैं। इन्हें धोया जरूर जाता है, लेकिन फिर भी किसी कपड़े कोई दाग या कहीं से कपड़ा फटा हुआ निकल सकता है। इसलिए कपड़े की कंडिशन अच्छे से चेक कर लें।
पेमेंट और रिटर्न पॉलिसी समझें
सोशल मीडिया पर पैसों का लेन-देन बहुत सावधानी से करना चाहिए। ज्यादातर थ्रिफ्ट स्टोर्स ऑनलाइन या बैंक ट्रांसफर लेते हैं। इसलिए पैसे भेजने से पहले क्यूआर कोड और अकाउंट का नाम चेक कर लें। अगर अकाउंट का नाम पेज से मैच न खाए, तो सेलर से नाम कंफर्म करके ही पैसे भेजें।
इसके अलावा, थ्रिफ्ट स्टोर्स में नो एक्सचेंज और नो रिटर्न पॉलिसी होती है। इसलिए ऑर्डर कंफर्म करने से पहले शिपिंग फीस, डिलीवरी टाइम और पार्सल ओपनिंग वीडियो जैसे नियम अच्छे से समझ लें।
