फर्जी मोहर लगाकर SIR फॉर्म भरने का खेल: पश्चिमी सिंहभूम में ईसाई धर्म प्रचारक और उसकी BLO पत्नी पर FIR की मांग
पश्चिमी सिंहभूम के सागजोड़ी गांव में एक पति-पत्नी ने ग्राम मुंडा की फर्जी मुहर और हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर वंशावली प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज तैयार किए।

थाना पहुंचे सैकड़ों ग्रामीण। (जागरण)
HighLights
पति-पत्नी ने ग्राम मुंडा की फर्जी मुहर, हस्ताक्षर का उपयोग किया।
वंशावली प्रमाण पत्र और अन्य कागजात में धोखाधड़ी का मामला।
ग्रामीणों के आक्रोश के बाद पुलिस, प्रशासन ने जांच शुरू की।
संवाद सूत्र, मनोहरपुर। पश्चिमी सिंहभूम जिला अंथानात जराइकेला थाना क्षेत्र के सागजोडी गांव में ईसाई समाज के पति-पत्नी द्वारा ग्राम मुंडा का डुप्लीकेट मोहर बना व मुंडा के नाम का फर्जी हस्ताक्षर करने का मामला प्रकाश में आया है।
पति-पत्नी मुंडा का मोहर व फर्जी हस्ताक्षर का एसआईआर के लिए वंशावली प्रमाण पत्र व अन्य कागजात में उपयोग किये जाने का मामला ग्रामीणों के समक्ष आ गया। मामले को लेकर ग्राम मुंडा जगमोहन गुड़िया सहित पूरा गांव पहुचा जराइकेला था।
आरोपी पति धर्म प्रचारक है जबकि पत्नी आंगनबाड़ी सेविका(बीएलओ) का काम करती है। ग्रामीणों में इनके खिलाफ काफी आक्रोश दिख रहा।
मामला मनोहरपुर प्रखंड के जराइकेला थाना क्षेत्र के सागजुड़ी गांव का है। जहां प्रखंड के दीघा गांव निवासी बहामनी भुईयां और उसके पति ईसाई धर्म प्रचारक सेनियम होरो गांव के मुंडा जगमोहन गुड़िया के फर्जी स्टांप और हस्ताक्षर का उपयोग कर कई लोगों के एसआईआर का कार्य कर रहे थे।
इसका खुलासा तब हुआ जब एक व्यक्ति उक्त कार्य के लिए गांव के मुंडा जगमोहन के पास आए। तब एसआईआर के फॉर्म पर पहले से मुंडा का हस्ताक्षर और स्टांप देखकर मुंडा का माथा ठनका।
पूछताछ के बाद इस बात का खुलासा हुआ कि ये दंपती फर्जी रूप से यह कार्य कर रहे हैं। बहामनी सागजुड़ी गांव स्थित आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका और बीएलओ भी हैं।

इसे लेकर विगत गुरुवार को एक ग्राम सभा भी हुई जहां दंपती ने अपनी संलिप्तता स्वीकारते हुए करीबन दर्जन भर लोगों के एसआईआर फॉर्म पर फर्जी हस्ताक्षर और मुंडा के फर्जी स्टांप का उपयोग करने की बात स्वीकार की।
जबकि लोगों का आरोप है कि इस दंपत्ति ने करीबन 20 से ज्यादा लोगों के एसआईआर फॉर्म पर फर्जी कार्य किए हैं। दंपती ने यह बात मीडिया के समक्ष भी स्वीकारी है और गलती होने की बात कही है।
इन्होंने मुंडा पर उल्टा आरोप लगा दिया कि मुंडा ने कहा कि वे ईसाई समुदाय के लोगों के एसआईआर का काम नहीं करेंगे। जबकि मुंडा का कहना है कि उन्होंने कई ईसाई लोगों के एसआईआर के कार्य के लिए वंशावली में अपना सहयोग दिया है।
ग्रामीणों में आक्रोश
बहरहाल इसे लेकर ग्रामीणों में खासा आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि वे विगत गुरुवार को भी थाना आकर शिकायत दर्ज करना चाहा लेकिन थाना से अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। इधर शुक्रवार को दोबारा ग्रामीण मामले को लेकर थाना पहुंचे।

वहीं, इसकी सूचना मिलने पर बीडीओ शक्ति कुंज और सीओ प्रदीप कुमार भी अन्य अधिकारियों के साथ जराइकेला थाना पहुंचे और दोनों पक्षों को सुना। बीडीओ और सीओ ने इसे लेकर जरूरी कार्रवाई करने की बात कही है।
जबकि इसकी सूचना मिलने पर सरना समाज के लोग भी थाना पहुंचे और मामले को लेकर जरूरी कार्रवाई की मांग की है। वहीं मामले में पुलिस उचित कार्रवाई में जुट गई है।
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