साहिबगंज, जेएनएन। झारखंड में साहिबगंज की दुष्कर्म पीड़िता के परिजनों से घूस मांगने और आरोपितों से सुलह करने का दबाव डालने पर एसपी ने मामले के जांच अधिकारी को निलंबित कर दिया है। पीड़िता के परिजन बुधवार को एसपी से मिलने उनके आफिस पहुंचे। उन्हें लिखित शिकायत सौंपी कि आइओ बिजेन्द्र सिंह ने उनसे रिश्वत मांगी है और आरोपितों से सुलह करने का दबाव डाला है। इसके बाद एसपी ने तत्काल प्रभाव से एसआइ बिजेंद्र सिंह को निलंबित कर दिया।

परिजनों का कहना है कि एसआइ ने उन लोगों से कहा कि कुछ ले देकर मामला खत्म कर लो। अगर ऐसा नहीं करना है तो 50 हजार रुपये दो तो हम तुम्हारे पक्ष में डायरी लिख देंगे। इसके बाद पीड़िता के परिजनों ने इस बात की जानकारी आसपास के लोगों को दी। इसके बाद आसपास के लोगों जुट गए तथा बिजेंद्र सिंह को घेर लिया, जिससे वह घबरा गया। इस दौरान लोगों ने उसका मोबाइल भी छीन लिया। हालांकि वह मौका देख कर वहां से भाग निकला। मामले की जानकारी मिलने पर एसडीपीओ नवल शर्मा व नगर इंस्पेक्टर सुनील टोप्पनो वहां पहुंचे। परिजनों ने दोनों को मामले की जानकारी दी तथा कार्रवाई की मांग की। इसके बाद पीड़िता के परिजन मुहल्लेवासियों के साथ एसपी कार्यालय पहुंचे तथा एसपी को घटना की जानकारी दी।

पुलिस ने किया फ्लैग मार्च
शहर में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए बुधवार को दूसरे दिन भी पुलिस ने फ्लैग मार्च किया। बुधवार दोपहर करीब 12 बजे करीब सौ पुलिस कर्मी नगर थाने में जमा हुए। इसके बाद वहां से स्टेशन चौक, कॉलेज रोड व सकरूगढ़ होते हुए जिरवाबाड़ी थाना पहुंचे।

जानें, क्या है मामला
साहिबगंज के एक प्रतिष्ठित स्कूल की सातवीं कक्षा की छात्रा को सोमवार की सुबह मस्जिद रोड सकरूगढ़ के मो. अब्दुल्ला नाम के युवक ने तीन चार साथियों के सहयोग से अगवा कर लिया था। इसके बाद उसके साथ दुष्कर्म किया। बेटी के अगवा होने की सूचना पर बच्ची के पिता घटनास्थल पर पहुंचे। उसे युवक के चंगुल से मुक्त कराया।

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Posted By: Sachin Mishra

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