यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 17, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
आज सीएम सोरेन करेंगे निशुल्क आवासीय कोचिंग योजना का शुभारंभ, 156 पीवीटी विद्यार्थियों की होगी मदद
Jharkhand News in Hindi मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन आज रांची के मोरहाबादी स्थित डॉ. रामदयाल मुंडा जनजातीय कल्याण शोध संस्थान के ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, रांची। Jharkhand News in Hindi: राज्य सरकार अत्यंत संवेदनशील जनजातीय (पीवीटी) समुदायों के 156 विद्यार्थियों को झारखंड कर्मचारी चयन आयोग तथा अन्य प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी कराएगी। चयनित विद्यार्थियों को निशुल्क आवासीय कोचिंग की सुविधा प्रदान की जाएगी। इसकी जिम्मेदारी डा. रामदयाल मुंडा जनजातीय शोध संस्थान, रांची को दी गई है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन गुरुवार को निशुल्क आवासीय कोचिंग योजना का शुभारंभ करेंगे।
मार्क्स के आधार पर होगा अभ्यार्थियों का चयन
विद्यार्थियों के चयन के लिए अभ्यर्थियों से आवेदन मांगे गए थे। अभ्यर्थियों का चयन दसवीं, 12वीं एवं स्नातक के प्राप्तांकों के आधार पर हुआ। इसके लिए अभ्यर्थी की आयु 21 से 40 वर्ष के बीच निर्धारित की गई थी। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग तथा कर्मचारी चयन आयोग की परीक्षाओं के लिए आवेदन भर चुके अभ्यर्थियों को चयन में प्राथमिकता दी गई।
आर्थिक रूप से कमजोर अभ्यार्थियों को कराई जाएगी तैयारी
आज राजधानी रांची के मोरहाबादी स्थित डॉ. रामदयाल मुंडा जनजातीय कल्याण शोध संस्थान के सभागार में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन निशुल्क आवासीय कोचिंग का उद्घाटन करेंगे। इस कार्यक्रम शाम को पांच बजे किया जाएगा।
गौरतलब है कि फ्री कोचिंग योजना के तहत उन विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी, जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। ऐसे विद्यार्थी जो प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महंगे कोचिंग संस्थानों में जाकर तैयारी नहीं कर सकते हैं। इस योजना के तहत इनकी मदद की जाएगी ताकि ये परीक्षाओं में और बेहतर प्रदर्शन कर सके और अपनी जिंदगी में आगे बढ़ सके।
सीएम ने अबुआ आवास योजना का भी किया ऐलान
इसके अलावा, राज्य सरकार ने हाल ही में अबुआ आवास योजना का भी ऐलान किया। इसके तहत गरीबों को छत दी जाएगी। बीते मंगलवार को 77वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इसकी घोषणा की थी। इस योजना में जरूरतमंदों को तीन कमरों का आवास दिया जाएगा। इसके लिए 15 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे। राज्य सरकार इसे वहन करेगी।
