नौसेना की ताकत बढ़ाएगा SAIL , बोकारो स्टील ने आईएनएस निस्तार के लिए तैयार की खास स्टील प्लेटें
SAIL ने भारतीय नौसेना के पहले स्वदेशी डाइविंग सपोर्ट पोत आईएनएस निस्तार के निर्माण में विशेष स्टील प्लेटें प्रदान की हैं।

आईएनएस निस्तार। (फोटो- Indian Navy)
HighLights
आईएनएस निस्तार में सेल की विशेष स्टील प्लेटें।
यह भारत का पहला स्वदेशी डाइविंग सपोर्ट पोत।
समुद्री सुरक्षा और रक्षा आत्मनिर्भरता में महत्वपूर्ण योगदान।
जागरण संवाददाता, रांची। देश की समुद्री सुरक्षा और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को मजबूत बनाने में स्टील अथारिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
भारतीय नौसेना के अत्याधुनिक डाइविंग सपोर्ट पोत आईएनएस निस्तार के निर्माण में सेल की विशेष श्रेणी की स्टील प्लेटों का इस्तेमाल किया गया है।
यह भारत का पहला स्वदेशी रूप से डिजाइन और निर्मित डाइविंग सपोर्ट पोत है। आईएनएस निस्तार को समुद्र की गहराइयों में विशेष अभियान चलाने, गोताखोरों को सहायता उपलब्ध कराने और पनडुब्बी बचाव अभियानों में सहयोग के लिए तैयार किया गया है।
इस तरह के पोत के निर्माण में उच्च गुणवत्ता और मजबूती वाले इस्पात की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यह उपलब्धि रक्षा उपकरणों के स्वदेशी निर्माण और समुद्री सुरक्षा में भारतीय इस्पात उद्योग की बढ़ती भूमिका को दर्शाती है।
हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड ने किया तैयार
यह पोत विशाखापत्तनम स्थित हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड ने तैयार किया है। करीब 118 मीटर लंबे और लगभग 10 हजार टन वजनी निस्तार में 300 मीटर गहराई तक गोताखोरी अभियान संचालित करने की क्षमता है।
इसके अत्याधुनिक उपकरण एक हजार मीटर गहराई तक बचाव कार्यों में सहायता कर सकते हैं। 18 जुलाई 2025 को भारतीय नौसेना में शामिल इस पोत के निर्माण में 120 से अधिक सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों ने योगदान दिया।
सेल ने इसके लिए आवश्यक विशेष श्रेणी की सभी स्टील प्लेटों की आपूर्ति की। इसमें बोकारो और भिलाई इस्पात संयंत्रों का योगदान रहा।