रांची, जासं। सीसीएल की लाल-लाडली योजना के तहत पढ़ने वाले नौ बच्चों का चयन आइआइटी के लिए हुआ है। इसमें योजना के अंतर्गत पढ़ने वाली लड़कियां भी शामिल हैं। ये पहली बार है कि योजना के तहत पढ़ने वाली लड़कियों ने आइआइटी क्वालिफाई की है। यहां पढ़ने वाले विद्यार्थियों में किशन कुमार ने 4357 रैंक (ओबीसी - 751) लाकर टॉप किया। इन नौ बच्चों में चार बच्चे रिपीट करने वाले हैं जो लगातार फैकल्टीज के मार्गदर्शन में थे। सीसीएल की इस सीएसआर योजना में जरूरतमद बच्‍चों को निश्शुल्क कोचिंग के साथ-साथ मुफ्त हॉस्टल एवं स्कूलिंग की सुविधा भी दी जाती है।

इस योजना का प्रबंधन कंपनी की सीएसआर विभाग द्वारा किया जाता है एवं सीसीएल में ही कार्यरत आइआइटीयन अधिकारी जितेंद्र कुमार, अखिलेश उपाध्याय, नमन श्रीवास्तव और ओम प्रकाश विद्यार्थियों को कोचिंग देते हैं। सीसीएल के द्वारा इस योजना की शुरुआत 2012 में की गई थी। अब तक बड़ी संख्या में यहां के बच्‍चों ने उत्‍कृष्‍ट प्रदर्शन करते हुए देश के आइआइटी, एनआइटी समेत अन्य प्रख्‍यात इंजीनियरिंग कॉलजों में प्रवेश प्राप्‍त किया है।

सीसीएल के सीएमडी पीएम प्रसाद ने बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह सफलता आपके मेहनत और लगन का नतीजा है जिससे चुनौतियों का सामना करते हुए आइआइटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में प्रवेश प्राप्त किया।

उन्होंने कहा कि यह आप इसी प्रकार परिश्रम करते हुए जीवन में नई ऊंचाइयां प्राप्त कर सीसीएल व अपने परिवार का नाम ऊंचा करें। पीएम प्रसाद ने जोर देते हुए कहा कि सीसीएल कोयला उत्पादन के साथ-साथ अपने स्टेकहोल्डर्स के सर्वांगीण विकास के लिए सतत प्रयासरत है और इन बच्चों की सफलता हमारे प्रयासों का जीवंत उदाहरण है। सीसीएल के लाल योजना में योगदान देने वाले सीसीएल के अधिकारी शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि आप सही मायने में समाज और देश को नई दिशा दे रहे हैं। कोरोना संक्रमण काल के बाद भी शिक्षकों और बच्चों ने बेहतरीन मेहनत किया।

Edited By: Kanchan Singh