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JSSC CGL पेपर लीक मामला: मिथिलेश सिंह का रिश्तेदार रितेश गिरफ्तार, 30 से अधिक अभ्यर्थियों को रटवाया था आंसर

Published: Thu, 01 Oct 2026 08:57 PM (IST)

झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) CGL पेपर लीक मामले में CID ने एक और एजेंट रितेश कुमार सिंह को रांची से गिरफ्तार किया है।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

HighLights

  1. JSSC CGL पेपर लीक में एक और एजेंट गिरफ्तार।

  2. रितेश सिंह पर 30 से अधिक छात्रों को रटवाने का आरोप।

  3. करोड़ों रुपये वसूलकर मिथिलेश सिंह तक पहुंचाए थे।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) की संयुक्त स्नातक स्तरीय (सीजीएल) में कथित पेपर लीक, अनियमितता मामले की जांच कर रही सीआईडी ने गुरुवार को एक और एजेंट को गिरफ्तार किया है।

गिरफ्तार एजेंट रितेश कुमार सिंह है। वह मूल रूप से बिहार के भोजपुर का रहने वाला है और लंबे समय से झारखंड के बोकारो स्थित दुग्धा में रहता था।

गिरफ्तार रितेश जेएसएससी सीजीएल परीक्षा के संचालन से जुड़ी एजेंसी मेसर्स आईसीएन टेक्नोलॉजी के संचालक मिथिलेश सिंह का रिश्तेदार है। मिथिलेश सिंह अभी फरार है।

सीआईडी ने उसे पूछताछ के लिए रांची बुलाया था और रांची में पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार किया है। रितेश पर आरोप है कि उसने जेएसससी सीजीएल के 30 से अधिक अभ्यर्थियों को बोकारो के दुग्धा में ले जाकर प्रश्न व उतर रटवाया था, जिसमें अधिकतर को सफलता भी मिली थी। रितेश उन अभ्यर्थियों से करोड़ों रुपये वसूले थे, जिसे वह मिथिलेश सिंह तक पहुंचाया था।

आईसीएन के दोनों कर्मियों ने प्रश्न पत्र लीक कर पहुंचाया था रितेश तक

सीआईडी ने छानबीन में पाया है कि जेएसएससी की सीजीएल परीक्षा के संचालन का जिम्मा वेबेल टेक्नोलॉजी को दी गई थी। वेबेल टेक्नोलॉजी ने आईसीएन एजेंसी को इसकी जिम्मेदारी सौंपी।

आईसीएन ने ही पेपर लीक से लेकर सीट बेचने तक, प्रश्न पत्र लीक करने व उत्तर रटवाने तक में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सीआईडी ने आईसीएन के दो कर्मियों सोमांश प्रकाश व राहुल को गिरफ्तार किया था।

सोमांश प्रकाश व राहुल के विरुद्ध उनसे पहले गिरफ्तार मास्टरमाइंड अभय कुमार तिवारी ने सीआईडी के सामने जालसाजी का भंडाफोड़ किया था। अभय कुमार तिवारी भी उन सफल अभ्यर्थियों में शामिल था, जिन अभ्यर्थियों ने बोकारो में प्रश्न व उत्तर रटकर परीक्षा पास की थी।

इनमें अभय कुमार तिवारी के अलावा उसका भाई अक्षय कुमार तिवारी व पत्नी सुषमा तिवारी भी शामिल थे। अभय तिवारी के स्वीकारोक्ति बयान के बाद ही आईसीएन के दोनों कर्मी सोमांश प्रकाश व राहुल की गिरफ्तारी हुई थी।

सोमांश प्रकाश व राहुल पर आरोप है कि उसने प्रिंटिग प्रेस से प्रश्न पत्र रिसिव किया और प्रश्न पत्र लीक कर मिथिलेश सिंह के निर्देश पर रितेश कुमार सिंह तक पहुंचाया था। इसके बाद रितेश कुमार सिंह ने उन प्रश्नों का उत्तर सेटिंग वाले अभ्यर्थियों को रटवाया था।

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