रांची, राज्य ब्यूरो। रांची के एक प्रतिष्ठित कॉलेज से स्नातक तृतीय वर्ष में पढ़ रही छात्रा को उसके परिजन मंगलवार को जबरन उसके लोहरदगा स्थित घर ले जा रहे थे। इसी बीच छात्रा ने महिला थाना रांची व बाल कल्याण समिति को यह सूचना दे दी कि उसका अपहरण हो गया है और उसे जबरन ले जाया जा रहा है। बाल कल्याण समिति की सूचना पर रांची से लोहरदगा तक की पुलिस रेस हो गई। अंतत: छात्रा को लोहरदगा जिले के सेन्हा थाना क्षेत्र के सिठियो गांव के पास से मुक्त करा लिया गया।

वहां पुलिस के सामने छात्रा ने बयान दिया कि वह बालिग है और अभी पढऩा चाहती है। छात्रा की जिद के बाद उसे उसकी सहेली के साथ पुलिस ने रांची वापस लौटने दिया। छात्रा मूल रूप से लोहरदगा की रहने वाली है। उसने महिला थाना रांची व बाल कल्याण समिति को आवेदन देकर बताया है कि वह रांची में रहकर स्नातक तृतीय वर्ष में पढ़ रही है और काम भी करती है। वह अभी शादी करना नहीं चाहती है, लेकिन उसके घर वाले उसकी मर्जी के खिलाफ शादी करना चाहते हैं।

उसने घर वालों पर मारपीट का भी आरोप लगाया है। उसका कहना है कि मंगलवार को घरवाले उसे जबरन ले जा रहे थे, लेकिन वह चाहती है कि वह पढ़ाई पूरी कर कोई नौकरी करे उसके बाद ही शादी करे। उसने इसकी शिकायत बाल कल्याण समिति रांची से की। बाल कल्याण समिति की सूचना पर रांची व लोहरदगा पुलिस सक्रिय हो गई।

साथ ही लोहरदगा की एसपी प्रियंका मीणा ने एक टीम गठित कर दी और भंडरा व लोहरदगा थाने की पुलिस को इसमें लगा दिया। अंतत: छात्रा सेन्हा क्षेत्र से मुक्त करा ली गई। बुधवार को थाने में समझौता हुआ। उसके बाद छात्रा बाल कल्याण समिति के सदस्यों के साथ वापस रांची लौट गई है।

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस