विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

झारखंड में सिपाही से हवलदार, जमादार व दारोगा स्तर पर प्रोन्नति संबंधित लंबित मामलों का जल्द होगा निष्पादन

Published: Wed, 30 Sep 2026 11:17 AM (IST)

डीजीपी तदाशा मिश्रा ने झारखंड पुलिस मुख्यालय में एसीपी, एमएसीपी और मालखाना से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने ...और पढ़ें

डीजीपी ने एसीपी, एमएसीपी व मालखाना से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा में दिया निर्देश।

डीजीपी ने एसीपी, एमएसीपी व मालखाना से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा में दिया निर्देश।

HighLights

  1. सिपाही से दारोगा स्तर तक की प्रोन्नति के मामले निपटाएं।

  2. एसीपी, एमएसीपी और मालखाना से संबंधित लंबित मामले सुलझाएं।

  3. पुलिस प्रशासन को जवाबदेह, पारदर्शी और प्रभावी बनाएं।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड पुलिस मुख्यालय में डीजीपी तदाशा मिश्रा ने मंगलवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग से एश्योर्ड कैरियर प्रोग्रेसन (एसीपी), मोडिफायड एश्योर्ड कैरियर प्रोगेसन (एमएसीपी) व मालखाना से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे सिपाही से हवलदार, सिपाही-हवलदार से सहायक अवर निरीक्षक तथा सहायक अवर निरीक्षक से पुलिस अवर निरीक्षक के पद पर प्रोन्नति से लंबित मामलों का जल्द निष्पादन करें।

डीजीपी ने अपने अधीनस्थ अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिला स्तर पर सभी पुलिसकर्मियों, ट्रेड चालक, आर्मोरर, हवलदार संवर्ग के एसीपी, एमएसीपी से संबंधित लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन करें व सभी मामलों में समयबद्ध कार्रवाई करते हुए इसकी सूचना पुलिस मुख्यालय को जल्द उपलब्ध कराएं।

अगले एक वर्ष में सेवानिवृत्त होने वाले और सेवानिवृत्त हो चुके पुलिसकर्मियों से संबंधित लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर जल्द निष्पादन करें। सभी एसपी अपने-अपने जिले में पुलिस सभा आयोजित कर पुलिसकर्मियों की समस्याओं का समाधान करकें।

वर्तमान में पुलिसकर्मियों के रिक्त पदों के संबंध में सभी जिलों में रिक्त पदों में से 50 प्रतिशत पदों का रोस्टर क्लियरेंस कराते हुए विभिन्न संवर्ग में रिक्तियों की स्थिति 15 दिनों में पुलिस मुख्यालय को उपलब्ध कराएं। डीजीपी ने सभी पुलिस पदाधिकारियों को पुलिस प्रशासन की कार्य प्रणाली को अधिक जवाबदेह, पारदर्शी, तकनीक संक्षम व प्रभावी बनाने का का आदेश दिया है।

मौके पर पुलिस मुख्यालय में डीजीपी के साथ एडीजी मुख्यालय मनोज कौशिक, आईजी मानवाधिकार पंकज कंबोज, आईजी प्रोविजन पटेल मयूर कन्हैयालाल, डीआईजी झारखंड जगुआर इंद्रजीत महथा व अन्य मौजूद थे, वहीं वीडियो कांफ्रेंसिंग से सभी रेंज डीआईजी, सभी एसएसपी, एसपी उपस्थित रहे।

अपडेट रखें मालखाना व उसके दस्तावेज के रख-रखाव व कांडों का प्रभार

डीजीपी ने अधिकारियों को मालखाना को व्यवस्थित करने का आदेश दिया है। उन्होंने मालखाना से संबंधित दस्तावेज के रख-रखाव व कांडों के प्रभार से संंबंधित लंबित मामलों का जल्द निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा है।

उन्होंने यह भी निर्देश दिया है कि जिलों में ऐसे सभी थानों को चिह्नित करें, जहां पूर्व में पदस्थापित व स्थानांतरित हो चुके पुलिस पदाधिकारियों के पास कांडों व मालखाना का प्रभार लंबित है। वर्तमान थाना प्रभारियों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए संबंधित कांडों, मालखाना का प्रभार विधिवत ग्रहण कराएं।

यह भी पढ़ें- पश्चिमी सिंहभूम के रवींद्र अग्रवाल बने केंद्रीय भंडारण निगम के चेयरमैन, अमरेंद्र कुमार झारखंड में मत्स्य निदेशक

यह भी पढ़ें- मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन की याचिका पर हाई कोर्ट में आज सुनवाई, ईडी कोर्ट ने दी है आरोप गठन की अनुमति