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एक के बाद एक ढेर हुए बड़े माओवादी, कई गिरफ्तार तो कुछ ने डाले हथियार; झारखंड में ऐसे बंद हुआ 8 खूंखार चेहरों का चैप्टर

Published: Thu, 17 Sep 2026 01:51 PM (IST)Updated: Thu, 17 Sep 2026 02:10 PM (IST)

यह लेख झारखंड में सक्रिय रहे आठ शीर्ष माओवादी कमांडरों की कहानी बताता है, जिन पर एक करोड़ या उससे ...और पढ़ें

एआई जेनरेटेड इमेज।

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HighLights

  1. अरविंद सहित कई शीर्ष माओवादी कमांडरों का विवरण।

  2. एक करोड़ से अधिक के इनामी माओवादियों का अध्याय समाप्त।

राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड में माओवादी संगठन के खिलाफ लगातार कार्रवाई के बीच अब एक और बड़े इनामी माओवादी ने आत्मसमर्पण कर दिया है। झारखंड का एक करोड़ रुपये का इनामी माओवादी सेंट्रल कमेटी सदस्य असीम मंडल उर्फ आकाश उर्फ तिमिर उर्फ मनोज उर्फ दीपक उर्फ राकेश ने गुरुवार को कोलकाता एसटीएफ के सामने आत्मसमर्पण कर दिया।

उसके विरुद्ध ओडिशा सरकार ने भी 1.20 करोड़ रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। इस तरह असीम मंडल पर कुल 2.20 करोड़ रुपये का इनाम था। वह मूल रूप से पश्चिम बंगाल के पश्चिमी मेदिनीपुर जिले के चंद्रकोना थाना क्षेत्र के उत्तर फुलचुक का रहने वाला है। ऐसे में झारखंड में कई माओवादी है, जिनका क्लोज चैप्टर हो चुका है। आइए जानते हैं।

झारखंड में सक्रिय रहे आठ माओवादी, जिनपर एक करोड़ या इससे ऊपर इनाम घोषित था

मार्च 2018 : झारखंड के बूढ़ा पहाड़ पर सक्रिय रहे भाकपा (माओवादी) के शीर्ष नक्सली कमांडर और सेंट्रल कमेटी के सदस्य देव कुमार सिंह उर्फ अरविंद की मौत हो गई थी। उसपर झारखंड सरकार ने एक करोड़ व बिहार सरकार ने 50 हजार का इनाम रखा था।

11 फरवरी 2019 : अरविंद की मौत के बाद सुधाकर ने बूढ़ा पहाड़ में माओवादियों की बागडोर संभाली। वह भी सेंट्रल कमेटी सदस्य था और उसपर भी राज्य सरकार ने एक करोड़ का इनाम रखा था। उसने तेलंगाना में अपनी पत्नी 25 लाख रुपये की इनामी स्पेशल एरिया कमेटी सदस्य नीलिमा के साथ आत्मसमर्पण कर दिया था।

14 नवंबर 2021 : झारखंड पुलिस ने सरायकेला-खरसांवा में एक करोड़ के इनामी माओवादियों के पोलित ब्यूरो सदस्य प्रशांत बोस उर्फ किसन व उसकी पत्नी 25 लाख की इनामी शीला मरांडी को गिरफ्तार किया था।

21 अप्रैल 2025 : बोकारो जिला में एक करोड़ का इनामी सेंट्रल कमेटी सदस्य प्रयाग मांझी उर्फ विवेक मुठभेड़ में मारा गया था।

15 सितंबर 2025 : हजारीबाग जिले के गिरहोर थाना क्षेत्र स्थित पनतीतरी जंगल में सुरक्षा बलों से मुठभेड़ में माओवादियों का सेंट्रल कमेटी सदस्य अनुज उर्फ सहदेव सोरेन उर्फ प्रवेश उर्फ अमलेश मारा गया था।

22 जनवरी 2026 : सारंडा में पश्चिमी सिंहभूम जिले के छोटानागरा थाना क्षेत्र में आपरेशन मेगाबुरु के दौरान माओवादियों का सेंट्रल कमेटी सदस्य एक करोड़ का इनामी अनल उर्फ पतिराम मांझी उर्फ पतिराम मरांडी उर्फ रमेश सहित 17 माओवादी मारे गए थे।

29 जुलाई 2026 : माओवादियों के पोलित ब्यूरो सदस्य 2.20 करोड़ के इनामी मिसिर बेसरा उर्फ सागर उर्फ भास्कर उर्फ सुनिर्मल के अलावा चार अन्य माओवादी धनबाद में गिरफ्तार। मिसिर बेसरा पर एक करोड़ रुपये का इनाम झारखंड सरकार ने तो एक करोड़ 20 लाख रुपये का इनाम ओडिशा सरकार ने घोषित कर रखा था।

17 सितंबर 2026 :माओवादियों का सेंट्रल कमेटी सदस्य 2.20 करोड़ के इनामी असीम मंडल ने कोलकाता एसटीएफ के सामने किया आत्मसमर्पण। उसपर झारखंड सरकार ने एक करोड़ व ओडिशा सरकार ने 1.20 करोड़ रुपये का इनाम रखा था। 

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