मछली पालकों के लिए खुशखबरी, झारखंड सरकार देगी पक्का मकान; महिलाओं और दिव्यांगों को मिलेगा विशेष आरक्षण
झारखंड सरकार वेद व्यास आवास योजना के तहत 405 मछली पालकों को पक्के मकान देगी, जिस पर 7.74 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।
HighLights
405 मछली पालकों को वेद व्यास योजना से मिलेंगे पक्के मकान।
योजना पर कुल 7.74 करोड़ रुपये का होगा खर्च।
महिलाओं और दिव्यांगों के लिए विशेष आरक्षण का प्रावधान।
मनोज सिंह, रांची। मत्स्य विभाग की ओर से राज्य के कच्चे मकान में रहने वाले 405 मछली पालकों को पक्का मकान दिए जाने की योजना है।
वेद व्यास आवास योजना के नाम से चलाई जा रही इस योजना पर कुल 7.74 करोड़ रुपये खर्च किया जाना है। राज्य में कुल 1.74 लाख मछली पालक मत्स्य विभाग में अपना पंजीयन कराया है।
इसमें से अब तक 22768 मछली पालकों को पक्का मकान दिया गया है। इस योजना का लाभ लेने के लिए मछली पालकों को संबंधित जिला मत्स्य पदाधिकारी कार्यालय में आवेदन करना होगा।
डीसी की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में लाभुकों का चयन किया जाएगा। प्रत्येक लाभुक को 1,91,200 रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खाते (डीबीटी) के माध्यम से भेजी जाएगी। उक्त राशि चार चरण में खातों में भेजी जाएगी।
मछली पालन करने वाले ही योजना के लिए पात्र
मत्स्य निदेशक अमरेंद्र कुमार ने बताया कि इस योजना का लाभ उन्हीं परिवारों को मिलेगा जो सक्रिय या पारंपरिक रूप से मत्स्य पालक हों। गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) हों और कच्चे या फूस के मकान में रहते हों।
आवास निर्माण के लिए अपनी निजी जमीन भी रखते हों। एक परिवार को केवल एक ही आवास दिए जाने की योजना है। इसके अलावा, महिलाओं के लिए न्यूनतम 10 प्रतिशत और दिव्यांगों के लिए तीन प्रतिशत कोटा आरक्षित किया गया है। लाभुकों का चयन संबंधित जिले के उपायुक्त की अध्यक्षता वाली समिति करेगी।
आवेदन के लिए जिलास्तर से अखबारों में विज्ञापन निकाला जाएगा। आवास का निर्माण क्लस्टर (समूह) में कराया जाएगा। बनने वाले सभी मकानों का जियो टैगिंग और ब्लाक चेन तकनीक से निगरानी की जाएगा।
सभी मकानों का रंग एक समान नीला रखा जाएगा। निदेशक ने कहा कि जो मछली पालक पहले किसी अन्य सरकारी आवास योजना (इंदिरा आवास, प्रधानमंत्री आवास आदि) का लाभ ले चुके हैं, वे इस योजना के पात्र नहीं होंगे।
जिला-वार आवास खर्च (लाख में)
| जिला | आवास | खर्च (लाख में) |
|---|---|---|
| रांची | 40 | 76.48 |
| खूंटी | 08 | 15.29 |
| गुमला | 18 | 34.41 |
| सिमडेगा | 10 | 19.12 |
| लोहरदगा | 10 | 19.12 |
| लातेहार | 14 | 26.76 |
| पलामू | 35 | 66.92 |
| गढ़वा | 24 | 45.88 |
| पश्चिमी सिंहभूम | 16 | 30.59 |
| रामगढ़ | 10 | 19.12 |
| कोडरमा | 30 | 57.36 |
| बोकारो | 25 | 47.80 |
| धनबाद | 24 | 45.88 |
| गिरिडीह | 22 | 42.06 |
| देवघर | 32 | 61.18 |
| दुमका | 12 | 22.94 |
| जामताड़ा | 18 | 34.41 |
| पाकुड़ | 12 | 22.94 |
| साहेबगंज | 20 | 38.24 |
| गोड्डा | 25 | 47.80 |
यह भी पढ़ें- रांची एयरपोर्ट से वाराणसी-रायपुर समेत इन शहरों के लिए बढ़ेंगी उड़ानें, एयरपोर्ट एडवाइजरी कमेटी की बैठक में मंथन