विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

रिम्स की जमीन की अवैध तरीके से खरीद-बिक्री मामले में ED ने दर्ज की ECIR, वित्तीय लेनदेन की होगी जांच

Published: Thu, 21 May 2026 11:42 PM (IST)

ईडी ने रिम्स की जमीन की अवैध खरीद-बिक्री मामले में पीएमएलए के तहत ईसीआईआर दर्ज की है।

रांची रिम्स। (जागरण)

रांची रिम्स। (जागरण)

HighLights

  1. ईडी ने रिम्स जमीन अवैध खरीद-बिक्री में ईसीआइआर दर्ज की।

  2. एसीबी ने फर्जी वंशावली मामले में चार आरोपी किए गिरफ्तार।

  3. ईडी अब सभी आरोपियों के वित्तीय लेनदेन खंगालेगी।

राज्य ब्यूरो, रांची। रिम्स की जमीन की अवैध तरीके से खरीद-बिक्री मामले में ईडी ने पीएमएल अधिनियम के तहत इंफोर्समेंट केस इंफार्मेशन रिपोर्ट (ईसीआईआर) दर्ज की है।

झारखंड हाई कोर्ट के आदेश पर झारखंड की भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) भी प्राथमिकी दर्ज कर जांच कर रही है। एसीबी ने इस मामले में अब तक चार आरोपितों को जेल भेज दिया है।

एसीबी में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर ही ईडी ने ईसीआइआर किया है। अब ईडी ने इस केस से जुड़े सभी आरोपितों से पूछताछ करेगी।

रिम्स की जमीन की अवैध तरीके से खरीद-बिक्री मामले में जमीन दलाल, बिल्डर, निबंधन व अंचल कार्यालय के अधिकारी, नक्शा पास करने वाले अधिकारियों की भूमिका संदेह के घेरे में है।

फर्जी वंशावली पर खरीद-बिक्री करने की पुष्टि के बाद झारखंड एसीबी ने जिन चार आरोपितों को जेल भेजा था, उनमें राजकिशोर बड़ाईक, कार्तिक बड़ाईक, राजेश कुमार झा व चेतन कुमार शामिल थे।

बड़ाईक बंधुओं ने फर्जी वंशावली बनाई, चेतन कुमार ने पावर आफ आटार्नी लिया था और राजेश कुमार झा ने बिल्डर से उक्त जमीन की बिक्री कराई थी।

एसीबी की जांच भी जारी है। मोरहाबादी मौजा की आठ व कोकर मौजा की 1.65 एकड़ जमीन पर अवैध कब्जा हुआ था, जिसे प्रशासन ने मुक्त कराया था। अब ईडी सभी आरोपितों के बीच वित्तीय लेन-देन से संबंधित ब्यौरे को तलाशेगी।

मामला उजागर होने के बाद प्रशासन ने हटाया था अतिक्रमण

रिम्स की जमीन की अवैध तरीके से खरीद-बिक्री का मामला उजागर होने के बाद झारखंड हाई कोर्ट के आदेश पर जिला प्रशासन ने अतिक्रमण हटाया था।

उक्त जमीन पर बने भवनों को तोड़ा गया था। निर्माणाधीन अपार्टमेंट ध्वस्त किया गया था। इस मामले में फर्जीवाड़ा कर लोगों को घर व फ्लैट बेचने व उन्हें चूना लगाने वालों को चिह्नित कर उनके विरुद्ध जांच व कार्रवाई के लिए हाई कोर्ट ने निर्देशित किया था।

यह भी पढ़ें- रिम्स जमीन अतिक्रमण में बड़ा एक्शन: हाईकोर्ट के आदेश पर ACB ने बिल्डर-माफिया पर दर्ज की FIR