भाजपा ने दलित राजनीति में झामुमो की सेंध रोकने को ब्रजमोहन राम को बनाया ओडिशा का राज्यपाल
केंद्र सरकार ने पलामू के पूर्व सांसद और भाजपा के दलित नेता ब्रजमोहन राम को ओडिशा का राज्यपाल नियुक्त किया ...और पढ़ें

ओडिशा के राज्यपाल बनाए गए ब्रजमोहन राम पलामू लोकसभा क्षेत्र से रहे हैं भाजपा सांसद।
HighLights
ब्रजमोहन राम को ओडिशा का राज्यपाल नियुक्त किया गया।
भाजपा ने दलित मतदाताओं को साधने का प्रयास किया।
झारखंड के दूसरे नेता बने किसी राज्य के राज्यपाल।
दिव्यांशु, रांची। केंद्र सरकार ने पलामू के पूर्व सांसद और झारखंड भाजपा के दलित नेता ब्रजमोहन राम को ओडिशा का राज्यपाल बनाया है। पिछले दिनों पलामू प्रमंडल के ही प्रमुख दलित नेता बैद्यनाथ राम को झारखंड मुक्ति मोर्चा ने राज्यसभा भेजा है।
इसे पलामू और झारखंड में दलित मतदाताओं में झामुमो की सेंध लगाने की कोशिश माना गया। कांग्रेस ने भी छतरपुर के विधायक राधाकृष्ण किशोर को राज्य का वित्त मंत्री बनाया है। अब पलामू के पूर्व सांसद और पार्टी के दलित चेहरे ब्रजमोहन राम को राज्यसभा भेजकर भाजपा ने दलित मतदाताओं के सम्मान का संदेश दिया है।
हालांकि पिछले तीन लोकसभा चुनाव से ब्रजमोहन राम को टिकट नहीं मिल रहा था। लेकिन प्रदेश भाजपा में उनकी बनी हुई थी। चुनावों में भाजपा के पक्ष में प्रचार करते हुए ब्रजमोहन राम हिंदुत्व की भी मजबूत लाइन पकड़ कर चलते रहे। अब पार्टी ने उनकी इसी निष्ठा को राज्यपाल का पद देकर सम्मान दिया है।
विधायक से प्रारंभ हुई यात्रा
ब्रजमोहन राम 1991 में बिहार विधानसभा के सदस्य बने थे। 1996 में पलामू से लोकसभा के लिए निर्वाचित हुए। 1998 में दूसरी बार और 1999 में तीसरी बार लोकसभा में उन्होंने पलामू का प्रतिनिधित्व किया।
2002 से 2004 तक वो कोयला मंत्रालय की सलाहकार समिति के सदस्य भी रहे। वनांचल प्रदेश भाजपा के अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष के तौर पर भी उन्होंने काम किया।
ओडिशा के राज्यपाल बननेवाले झारखंड के दूसरे नेता
पूर्व सांसद ब्रज मोहन राम ओडिशा के राज्यपाल बननेवाले झारखंड के दूसरे नेता हैं। इससे पहले झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास यह पद संभाल चुके हैं। उन्हें 31 अक्टूबर 2023 को ओडिशा का राज्यपाल नियुक्त किया गया था, जहां उन्होंने 24 दिसंबर 2024 तक अपनी सेवाएं दी थीं। उन्होंने पद से इस्तीफा दे दिया था।
झारखंड गठन के बाद किसी अन्य राज्य के राज्यपाल बननेवाले भी ब्रज मोहन राम दूसरे नेता हैं। हालांकि संयुक्त बिहार में पलामू क्षेत्र से ही भीष्म नारायण सिंह असम और मेघालय (1984–1989), सिक्किम (1985), अरुणाचल प्रदेश (1987 से 1990 तक) और तमिलनाडु (1991–1993) के राज्यपाल रह चुके हैं। इस तरह, किसी राज्य के राज्यपाल बननेवाले ब्रज मोहन राम पलामू के दूसरे नेता हैं। रघुवर दास का कार्यक्षेत्र जमशेदपुर रहा है।
