रांची {संजय कुमार}।  राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की तीन दिवसीय अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक गुरुवार की सुबह शुरू हो गई है। सरसंघचालक डाक्टर मोहन भागवत और सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने दीप प्रज्जवलित कर और भारत माता की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर बैठक का शुभारंभ किया। प्रतिवर्ष दीपावली से पहले होने वाली इस बैठक में सभी केंद्रीय अधिकारियों के साथ साथ क्षेत्र व प्रांत के संघचालक, कार्यवाह और प्रचारक भाग ले रहे हैं। एक वर्ष बाद संघ की कोई अखिल भारतीय बैठक पूर्ण उपस्थिति में हो रही है।

यह बैठक कर्नाटक के धारवाड़ स्थित राष्ट्रोत्थान विद्या केंद्र में हो रही है। बैठक में 350 प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। कोरोना संक्रमण के कारण पिछले वर्ष मार्च के बाद से होने वाली अखिल भारतीय बैठक आफलाइन और आनलाइन हो रही थी। तीन दिवसीय बैठक में संघ के सभी शीर्ष पदाधिकारी अगले तीन वर्षों में देश के सभी पंचायतों और गांवों में पहुंचने की योजना पर मंथन करेंगे। 2025 में संघ अपना शताब्दी वर्ष केवल कार्यक्रम आयोजित कर नहीं मनाना चाहता है बल्कि उन स्थानों तक पहुंच कर खुशियां मनाना चाहता है जहां तक अभी नहीं पहुंचे हैं।

इसलिए कार्य विस्तार की दृष्टि से संघ की यह महत्वपूर्ण बैठक है। इसके साथ ही बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे हमले को रोकने के लिए भी प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार से बांग्लादेश सरकार पर दबाव बनाने के लिए आग्रह किया जाएगा। तीन दिनों तक कई सत्रों में बैठकें होंगी और संघ प्रमुख के संबोधन से बैठक का समापन होगा।

संघ की बैठक में जागरण समूह के चेयरमैन योगेंद्र मोहन गुप्त सहित कई हस्तियों को दी गई श्रद्धांजलि

संघ की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक के प्रारंभ में गत दिनों दिवंगत हुए जागरण समूह के चेयरमैन योगेंद्र मोहन गुप्त सहित कई हस्तियों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। जिन्हें श्रद्धांजलि दी गई उनमें प्रमुख रूप से संस्कार भारती के अखिल भारतीय महामंत्री अमीर चंद, कन्नड़ लेखक जी. वेंकट सुबहिया, स्वतंत्रता सेनानी व पत्रकार एच. एस. दुरेस्वामी, प्रसिद्ध कवि डा. एच. सिद्धलंगैया, राजनेता आस्कर फर्नांडीज, स्वामी अध्यात्मानंद, स्वामी ओंकारानंद, स्वामी अरुणागिरी, वरिष्ठ पत्रकार श्याम खोसला, गीता प्रेस गोरखपुर के अध्यक्ष राधेश्याम खेमका, प्रसिद्ध लेखक नरेंद्र कोहली, राजेश सातव, राज्यसभा सदस्य (कांग्रेस), अटर्नी जनरल सोली सोराब जी, पूर्व राज्यपाल जगमोहन, पूर्व मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश कल्याण सिंह, पत्रकार रोहित सरदाना, सुंदर लाल बहुगुणा (चिपको आंदोलन), अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी जी महाराज, हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह शामिल हैं। बैठक के प्रारंभ में सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने संबोधित किया।

Edited By: Kanchan Singh