17 साल की उम्र में पहनी वर्दी, 40 साल तक की देशसेवा; पलामू में सूबेदार अरविंद तिवारी को नम आंखों से दी गई अंतिम विदाई
असम राइफल्स में देश की सेवा करने वाले सूबेदार अरविंद तिवारी का पलामू के तोलरा गांव में राजकीय सम्मान के ...और पढ़ें

सूबेदार अरविंद तिवारी का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार। जागरण
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सूबेदार अरविंद तिवारी का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार।
पलामू के तोलरा गांव में कोयल नदी तट पर अंतिम विदाई।
असम राइफल्स में 40 वर्ष से अधिक देश की सेवा की।
संवाद सूत्र, विश्रामपुर (पलामू)। असम राइफल्स में सूबेदार के पद पर कार्यरत पलामू जिले के तोलरा गांव निवासी अरविंद तिवारी मंगलवार की शाम पंचतत्व में विलीन हो गए। राजकीय सम्मान के साथ तोलरा गांव के समीप कोयल नदी तट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
गढ़वा स्थित सीआरपीएफ की 172वीं बटालियन के कमांडेंट अजय कुमार वर्मा के नेतृत्व में जवानों ने उन्हें अंतिम सलामी दी। इस दौरान सेना और पुलिस के अधिकारियों समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी। तोलरा पंचायत की पूर्व मुखिया श्यामा देवी के पति अरविंद तिवारी के निधन से पूरे गांव में शोक की लहर है।
स्वजनों के अनुसार, वह पिछले एक वर्ष से बीमार चल रहे थे। नई दिल्ली के एक अस्पताल में इलाज के दौरान सोमवार को उनका निधन हो गया था। मंगलवार को उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचा तो अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। दशहरे के उत्सवी माहौल के बीच उनके निधन से गांव की खुशियां फीकी पड़ गईं। अंतिम यात्रा के दौरान परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।
17 वर्ष की उम्र में पहनी थी देशसेवा की वर्दी
अरविंद तिवारी ने महज 17 वर्ष की उम्र में देशसेवा के लिए वर्दी पहनी थी। उन्होंने अपने जीवन के 40 वर्ष, छह माह और 15 दिन राष्ट्र की सेवा में समर्पित किए। अपने लंबे सेवाकाल के दौरान उन्होंने जम्मू-कश्मीर की बर्फीली वादियों से लेकर अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड और मिजोरम के दुर्गम जंगलों एवं पहाड़ी क्षेत्रों में देश की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाई। संवेदनशील क्षेत्रों में तैनाती के दौरान भी उनका समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा अडिग रही।
कोयल नदी तट पर दी गई अंतिम सलामी
मंगलवार की शाम को निकली अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीण, परिजन और क्षेत्र के लोग शामिल हुए। कोयल नदी तट पर पूरे सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान जवानों ने शस्त्र झुकाकर उन्हें अंतिम सलामी दी। सेना और पुलिस के अधिकारियों की मौजूदगी में उन्हें अंतिम विदाई दी गई। अपने बीच के एक समर्पित देशसेवक को खोने से ग्रामीणों में गहरा दुख देखा गया।
अंतिम संस्कार में अधिकारी और ग्रामीण रहे मौजूद
अरविंद तिवारी के अंतिम संस्कार में सीआरपीएफ की 172वीं बटालियन के कमांडेंट अजय कुमार वर्मा, निरीक्षक स्वामीनाथ यादव, हवलदार धनंजय सिंह, दिनेश सिंह, ब्रजेश गुप्ता, रेहला थाना प्रभारी गुलशन बिरुआ, गढ़वा टाउन थाना प्रभारी सह निरीक्षक सुनील तिवारी और रांची से पहुंचे सेना के सब इंस्पेक्टर बलवंत सिंह समेत बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे। सभी ने दिवंगत सूबेदार को श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना जताई।
